logo

CMPFO के 727 करोड़ के नुकसान पर हाईकोर्ट सख्त, DHFL निवेश मामले की जांच करेगी CBI

CMPFO के 727 करोड़ के नुकसान पर हाईकोर्ट सख्त, DHFL निवेश मामले की जांच करेगी CBI

द फॉलोअप डेस्क, रांचीः
झारखंड हाईकोर्ट ने कोयला खान भविष्य निधि संगठन (CMPFO) को हुए 727.67 करोड़ रुपये के नुकसान के मामले में बड़ा फैसला सुनाते हुए इसकी जांच केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) को सौंप दी है। चीफ जस्टिस एमएस सोनक और जस्टिस मनोज प्रसाद की खंडपीठ ने धनबाद के कोल इंप्लाइज वेलफेयर एसोसिएशन के केंद्रीय सचिव संजीव कुमार श्रीवास्तव और अन्य की ओर से दाखिल जनहित याचिका पर सुनवाई के दौरान यह आदेश दिया। मामले के अनुसार, CMPFO ने गैर-बैंकिंग वित्तीय कंपनी दीवान हाउसिंग फाइनेंस कॉरपोरेशन लिमिटेड (DHFL) में करीब 1,300 करोड़ रुपये निवेश किए थे। कंपनी के दिवालिया होने के बाद संगठन को 727.67 करोड़ रुपये का भारी नुकसान हुआ। याचिका में निवेश से जुड़े फैसलों और अधिकारियों की भूमिका की जांच की मांग की गई थी। सुनवाई के दौरान CBI की ओर से अधिवक्ता दीपक कुमार भारती ने अदालत के समक्ष पक्ष रखा। हाईकोर्ट के आदेश के बाद अब इस पूरे मामले की जांच CBI करेगी।


अधिकारियों की जवाबदेही पर हाईकोर्ट ने जताई थी नाराजगी
इस मामले में 10 सितंबर को हुई सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट ने अधिकारियों की जिम्मेदारी तय किए बिना मामले को वाणिज्यिक नुकसान मानने पर गंभीर सवाल उठाए थे। अदालत ने टिप्पणी की थी कि संगठन को सैकड़ों करोड़ रुपये का नुकसान हुआ, लेकिन जवाबदेही तय करने से पहले ही एक वरिष्ठ अधिकारी को लगभग क्लीन चिट दे दी गई। मामले में तत्कालीन CMPFO आयुक्त अनिमेष भारती के खिलाफ 17 मई 2024 को बड़ी दंडात्मक कार्रवाई के लिए आरोपपत्र जारी किया गया था। 


अधिकारियों के खिलाफ आपराधिक कार्रवाई की मांग 
हालांकि, जांच पूरी होने से पहले ही अदालत में दाखिल शपथपत्र में नुकसान को दिवालिया प्रक्रिया से जुड़ा वाणिज्यिक नुकसान बताया गया और अधिकारियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करने की जरूरत से इनकार किया गया था। वहीं, याचिकाकर्ता का आरोप था कि वित्तीय विशेषज्ञों और फंड मैनेजरों की सलाह के बावजूद DHFL से समय रहते निवेश की राशि वापस नहीं निकाली गई, जिससे संगठन को भारी आर्थिक क्षति हुई। याचिका में CBI और प्रवर्तन निदेशालय (ED) से जांच कराने तथा जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ आपराधिक कार्रवाई की मांग की गई थी। अब हाईकोर्ट ने मामले की जांच CBI को सौंप दी है।

Tags - Jharkhand High Court CMPFO Case CBI Investigation DHFL Scam Dhanbad News