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जामताड़ा : हावड़ा-दिल्ली रेलवे मुख्य मार्ग घंटो रहा जाम, आदिवासी सेंगेल ने पारसनाथ पहाड़ को मुक्त कराने की मांग

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द फॉलोअप डेस्क 

जामताड़ा में आदिवासी सेंगेल अभियान ने अपनी विभिन्न मांगों को लेकर शनिवार को हावड़ा दिल्ली रेलवे मुख्य मार्ग घंटो जाम कर दिया गया। अभियान के जिला अध्यक्ष गोपाल सोरेन की अगुवाई में रेलवे मुख्य मार्ग को जाम किया गया। इस दौरान प्रदर्शनकारी कासीटांड़ हॉल्ट और देवघर जिला के मथुराटांड़ हॉल्ट के पास रेल लाइन पर उतर कर प्रदर्शन करने लगे। जिस कारण बैजनाथ धाम आसनसोल लोकल पैसेंजर ट्रेन 3 घंटा विलंब से चली। इस दौरान दोनों जगहों पर प्रदर्शानकारियों को देखते हुए रेलवे पुलिस और स्थानीय पुलिस भारी संख्या में मुस्तैद रहे। जहां पर उन्होंनों कड़ी मुशक्कत के बाद उन्हें समझा-बुझा कर जाम को हटाया। इस दौरान आदिवासी सेंगेल अभियान ने मुख्य रूप से पारसनाथ पहाड़ को जैन समाज से मुक्त कराने की मांग की है।  

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आदिवासी सिंगल अभियान की मुख्य मांग

1- भारत के प्रकृति पूजक आदिवासियों को 2023 में हर हाल में सरना धर्म कोड देना है, लेना है। चूंकि अधिकांश आदिवासी हिंदू मुसलमान ईसाई आदि नहीं है। 2011 की जनगणना में जैन धर्म वाले 44 लाख थे तो सरना धर्म लिखाने वालों की संख्या 50 लाख से ज्यादा थी।

2- झारखंड के पारसनाथ पहाड़ में अवस्थित आदिवासियों के ईश्वर, मरांग बुरु को अविलंब जैनों के कब्जे से मुक्त करा कर आदिवासियों को सुपुर्द करें। भारत देश के सभी पहाड़ पर्वतों को आदिवासियों को सौंपा जाए। क्योंकि पहाड़ों में आदिवासियों के देवी देवता रहते हैं। पहाड़ों की सुरक्षा तथा प्रकृति पर्यावरण और क्लाइमेट चेंज की रक्षा आदिवासी समाज कर सकता है।

3- झारखंड प्रदेश "अबुआ दिशोम अबुआ राज" है। आदिवासियों का गढ़ है। यहां संविधान, कानून, मानव अधिकारों को लागू कर इसे शहीदों के सपनों को सच बनाना है। जो आज लूट, झूठ, भ्रष्टाचार का अड्डा बन चुका है।

4- झारखंड प्रदेश में एकमात्र बड़ी आदिवासी भाषा- संताली, जो आठवीं अनुसूची में भी शामिल हौ। इसे अविलंब झारखंड की प्रथम राजभाषा का दर्जा दिया जाए। साथ ही बाकी आदिवासी भाषाओं को आठवीं अनुसूची में शामिल किया जाए।

5- आसाम अंडमान के झारखंडी आदिवासियों को अविलंब एसटी का दर्जा दिया जाए।

6- आदिवासी स्वशासन व्यवस्था या ट्राइबल सेल्फ रूल सिस्टम में जनतंत्र और संविधान को समाहित करते हुए  इसमें सुधार लाकर इसे अविलंब समृद्ध किया जाए।इस मौके पर आदिवासी सेंगेल अभियान जिला अध्यक्ष गोपाल सोरेन, प्रखंड अध्यक्ष संजित सोरेन, मोहन मुरमू फतेहपुर प्रखंड प्रभारी, अमित सोरेन जिला सेगेल पारगाना,सूरेश मुर्मू शामिल रहे।

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