पटना/बिहार
पटना के सदाकत आश्रम में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में बिहार कांग्रेस अध्यक्ष राजेश राम ने मोदी सरकार पर जमकर हमला बोला। उन्होंने कहा कि भाजपा 12 साल के शासन को अमृतकाल बता रही है, लेकिन यह अमृतकाल नहीं, विषकाल है। देश में युवा रोजगार के लिए भटक रहे हैं। जनता लगातार बढ़ती महंगाई से परेशान है। सरकार किसानों की आय दोगुनी करने का वादा भी पूरा नहीं की। बावजूद इसके सरकार अपनी पीठ थपथपा रही है और इसे अमृतकाल बता रही है।

नोटबंदी और स्वास्थ्य व्यवस्था पर सवाल
इस दौरान उन्होंने नोटबंदी का जिक्र करते हुए कहा कि नोटबंदी से देश को नुकसान हुआ है। उन्होंने कहा कि नोटबंदी से न तो काला धन खत्म हुआ और न ही आतंकवाद पर अंकुश लगा, बल्कि छोटे व्यापारियों और आम लोगों को भारी नुकसान उठाना पड़ा। उन्होंने बढ़ती महंगाई का जिक्र करते हुए कहा कि घरेलू गैस सिलेंडर, पेट्रोल और डीजल की कीमतों ने आम जनता की कमर तोड़ दी है। स्वास्थ्य सेवाओं की स्थिति पर भी सवाल उठाते हुए उन्होंने कहा कि सरकार स्वास्थ्य क्षेत्र में पर्याप्त निवेश नहीं कर पाई है, जबकि बिहार समेत कई राज्यों में स्वास्थ्य व्यवस्था गंभीर चुनौतियों से जूझ रही है।

शिक्षा, पेपर लीक और लोकतंत्र का मुद्दा उठाया
इसके बाद उन्होंने शिक्षा व्यवस्था, पेपर लीक, मनरेगा बजट में कटौती और प्रेस स्वतंत्रता जैसे मुद्दों को भी उठाया। उन्होंने आरोप लगाया कि मोदी सरकार के कार्यकाल में प्रतियोगी परीक्षाओं के पेपर लीक की घटनाएं बढ़ी हैं और युवाओं का भविष्य असुरक्षित हुआ है। साथ ही उन्होंने कहा कि प्रेस की स्वतंत्रता कमजोर हुई है। केंद्रीय एजेंसियों का उपयोग विपक्षी नेताओं को निशाना बनाने के लिए किया जा रहा है। कांग्रेस नेता ने दावा किया कि बेरोजगारी, महंगाई, किसानों की समस्याएं, शिक्षा व्यवस्था की बदहाली और लोकतांत्रिक संस्थाओं पर बढ़ता दबाव मोदी सरकार के 12 वर्षों की सबसे बड़ी पहचान बन चुके हैं।