पूर्व मुख्यमंत्री बाबूलाल मरांडी ने लिखा कि इसी 14 सितंबर को हेमंत सोरेन जी ने 1932 आधारित एक प्रस्ताव पारित कर दिया, जबकि खुद पिछले मार्च महीने में उन्होंने सदन में स्वीकार किया था कि अगर वो 1932 का प्रस्ताव लाते हैं तो कोर्ट इसे निरस्त करेगा और वह किसी
बाबूलाल मरांडी ने सोरेन परिवार पर बेनामी संपत्ति अर्जित करने का आरोप लगाया। बाबूलाल मरांडी ने आरोप लगाया है कि मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन और राज्यसभा सांसद शिबू सोरेन सहित परिवार के दूसरे सदस्यों ने राज्य गठन के बाद बीते 12 वर्षों में 108 परिसंपत्तियां खड़ी
बाबूलाल मरांडी द्वारा दाखिल रिट याचिका में कहा गया है कि दल-बदल मामले में झारखंड विधानसभा के स्पीकर के कोर्ट में नियमानुसार सुनवाई नहीं हुई है। न्यायाधिकरण ने उनकी गवाही और बहस सुने बिना ही केस को जजमेंट पर रख लिया। गौरतलब है कि बाबूलाल मरांडी से जुड़े मा
रांची के धुर्वा में बन रहे स्मार्ट सिटी के अंदर आ रहे दो घरों को कल बुलडोजर लगाकर तोड़ दिया गया था।दोनों घर के परिवार वालों से आज बीजेपी विधायक दल के नेता बाबूलाल मरांडी ने मुलाकात की। इस दौरान बाबूलाल मरांडी ने सभी बातों की जानकारी ली और उसके बाद रांची ड
भाजपा विधायक दल के नेता बाबूलाल मरांडी के लिए आज अहम दिन है। उनके खिलाफ चल रहे दल बदल मामले में आज स्पीकर ट्रिब्यूनल में सुनवाई होने वाली है। यह सुनवाई 2 बजे ऑनलाइन सुनवाई होगी। पिछली सुनवाई के बाद स्पीकर ने फैसला सुरक्षित रख लिया था।
दलबदल मामले में बीजेपी नेता और प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री बाबूलाल मरांडी (Babulal Marandi) की सदस्यता पर भी सुनवाई पूरी हो गई। झारखंड विधानसभा के स्पीकर रवींद्रनाथ महतो (Jharkhand Assembly Speaker Ravindra Nath Mahto) ने दलबदल संबंधी याचिका पर लंबी सुनवा
दुमका के अंकिता हत्याकांड मामले में हाईकोर्ट ने स्वत संज्ञान लिया है। सीजे डॉ रवि रंजन और जस्टिस एसएन प्रसाद की खंडपीठ में आज इस मामले पर सुनवाई हुई। सुनवाई के दौरान डीजीपी नीरज सिन्हा सशरीर उपस्थित रहे।
पूर्व मुख्यमंत्री बाबूलाल मरांडी ने दुमका परिसदन में प्रेस को संबोधित किया। यहां उन्होंने हेमंत सरकार पर हमला बोला है। उन्होंने कहा कि हेमंत सोरेन आदिवासी विरोधी है। उनके भ्रष्ट अधिकारी आदिवासियों पर, महिलाओं पर जुल्म कर रहे हैं और सीएम उन्हें संरक्षण दे
इस वक्त झारखंड की राजनीति में जो उथल-पुथल मची हुई है वह इस बात को लेकर है कि आखिर जो सीलबंद लिफाफा राज्यपाल को मिला है उसके अंदर क्या फैसला है। इसपर सबसे ज्यादा किसी ने पैनी नजर है तो वह है भाजपा। भाजपा लगातार सभी राजनीतिक गतिविधियों पर नजर बना कर रखी हुई
बाबूलाल मरांडी ने कहा कि सरकार विपक्ष की नहीं सत्तापक्ष के विधायकों के सवाल का भी जवाब नहीं दे पा रही थी। सत्ता पक्ष के विधायकों ने भी लगातार सरकार को कटघरे में खड़ा किया। जनता के सवालों से सरकार पूरी तरह डर गई है। उन्होंने कहा कि भाजपा के विधायक सदन में भ
झारखंड शराब नीति को लेकर पूर्व मुख्यमंत्री बाबूलाल मरांडी ने हेमंत सरकार पर निशाना साधा है। उन्होंने ट्वीट कर कहा है कि सरकार से पूछा है कि आप इस नीति को कब वापस ले रहे हैं अब तो दिल्ली सरकार ने भी वापस ले लिया है।
भाजपा विधायक दल के नेता व पूर्व मुख्यमंत्री बाबूलाल मरांडी दिल्ली रवाना हो गये। कहा जा रहा है कि पार्टी आलाकमान के बुलावे बाबूलाल मरांडी देवघर एयरपोर्ट पहुंचे और वहां से दिल्ली गए।