द फॉलोअप डेस्क
हॉकी इंडिया ने आगामी अंतरराष्ट्रीय हॉकी प्रतियोगिताओं के लिए सीनियर भारतीय महिला हॉकी टीम का 40 सदस्यीय कोर ग्रुप घोषित किया है। इस सूची में झारखंड की आठ खिलाड़ियों को शामिल किया गया है, जो पूरे समूह का 20% हैं। यह राज्य के लिए गर्व की बात है। इन खिलाड़ियों को विशेष प्रशिक्षण शिविर में अपनी प्रतिभा को और निखारने का अवसर मिलेगा। झारखंड से इस कोर ग्रुप में खूंटी जिले की निक्की प्रधान और अलबेला रानी टोप्पो के साथ-साथ सिमडेगा जिले की सलीमा टेटे, संगीता कुमारी, ब्यूटी डुंगडुंग, दीपिका सोरेंग, महिमा टेटे और अंजना डुंगडुंग को स्थान दिया गया है। इनमें से चयनित खिलाड़ी भारतीय टीम का अंतरराष्ट्रीय मुकाबलों में प्रतिनिधित्व करेंगी।
पहली बार दो सगी बहनें कोर ग्रुप में शामिल
भारतीय महिला हॉकी टीम की कप्तान सलीमा टेटे और उनकी बहन महिमा टेटे पहली बार एक साथ कोर ग्रुप में शामिल हुई हैं। यह झारखंड के हॉकी इतिहास में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है। प्रशिक्षण शिविर के बाद इनके प्रदर्शन के आधार पर अंतिम टीम का चयन होगा, जिससे दोनों बहनें एक साथ राष्ट्रीय टीम में खेल सकती हैं। वहीं, अंजना डुंगडुंग की बहन अलका डुंगडुंग भी पहले जूनियर भारतीय महिला हॉकी टीम का हिस्सा रह चुकी हैं। झारखंड में हॉकी का मजबूत आधार है, खासकर सिमडेगा और खूंटी जिले को प्रतिभाओं का गढ़ माना जाता है। राज्य सरकार और हॉकी झारखंड के सहयोग से खिलाड़ियों को बेहतर प्रशिक्षण और संसाधन उपलब्ध कराए जा रहे हैं। इसी का नतीजा है कि राष्ट्रीय स्तर पर राज्य के खिलाड़ियों का दबदबा लगातार बढ़ रहा है।
तीन खिलाड़ियों को पहली बार मिली जगह
महिमा टेटे, अंजना डुंगडुंग और अलबेला रानी टोप्पो को पहली बार सीनियर कोर ग्रुप में शामिल किया गया है। वहीं, निक्की प्रधान, सलीमा टेटे, संगीता कुमारी, ब्यूटी डुंगडुंग और दीपिका सोरेंग पहले से ही इस समूह का हिस्सा रही हैं। महिमा टेटे पहले जूनियर भारतीय महिला हॉकी टीम का हिस्सा रह चुकी हैं।
कोर ग्रुप में शामिल झारखंड की खिलाड़ी:
निक्की प्रधान
सलीमा टेटे
संगीता कुमारी
ब्यूटी डुंगडुंग
दीपिका सोरेंग
महिमा टेटे
अंजना डुंगडुंग
अलबेला रानी टोप्पो
इन खिलाड़ियों के चयन पर हॉकी इंडिया के महासचिव, हॉकी झारखंड के अध्यक्ष भोलानाथ सिंह, महासचिव विजय शंकर सिंह, और अन्य खेल अधिकारियों ने शुभकामनाएं दी हैं। उम्मीद है कि ये खिलाड़ी देश का नाम रोशन करेंगी और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर झारखंड का गौरव बढ़ाएंगी।