logo

विभा पांडे को पदमुक्त कर मेदिनीनगर भेजने की मांग, अबुआ अधिकार मंच ने राज्यपाल को सौंपा ज्ञापन

ोवपग3.jpg

द फॉलोअप डेस्क
अबुआ अधिकार मंच के यूथ एंड स्टूडेंट वेलफेयर इंचार्ज अभिषेक शुक्ला ने राज्यपाल संतोष गंगवार को ज्ञापन सौंपकर उच्च एवं तकनीकी शिक्षा विभाग में उपनिदेशक पद पर कार्यरत विभा पांडेय को तत्काल पदमुक्त कर उनके मूल महाविद्यालय वाई.एस.एन.एम. कॉलेज, मेदिनीनगर वापस भेजने की मांग की है। ज्ञापन में कहा गया है कि विभा पांडे की वर्ष 2008 से संबंधित नियुक्ति मामले की जांच फिलहाल सीबीआई द्वारा की जा रही है। ऐसे में जांच लंबित रहने के दौरान उन्हें महत्वपूर्ण प्रशासनिक पद पर बनाए रखना उचित नहीं है। 


नियुक्ति प्रक्रिया और ग्रेड पे पर उठाए सवाल
अभिषेक शुक्ला ने आरोप लगाया कि उपनिदेशक पद के लिए जारी विज्ञापन में 7000 ग्रेड पे वाले अभ्यर्थियों को ही पात्र माना गया था, जबकि विभा पांडे का ग्रेड पे 6000 है। इस आधार पर उनकी नियुक्ति पर गंभीर सवाल खड़े होते हैं। उन्होंने कहा कि विभा पांडे पिछले लगभग आठ वर्षों से उपनिदेशक पद पर कार्यरत हैं, जबकि वर्ष 2019 की अधिसूचना के अनुसार प्रतिनियुक्ति की अवधि अधिकतम तीन वर्ष निर्धारित थी। अधिसूचना में यह भी स्पष्ट था कि तय अवधि पूरी होने के बाद संबंधित अधिकारी को अपने मूल महाविद्यालय या विश्वविद्यालय में वापस योगदान देना होगा।


शिक्षकों की कमी के बीच मूल कॉलेज में वापसी की मांग
ज्ञापन में यह भी उल्लेख किया गया है कि नीलांबर-पितांबर यूनिवर्सिटी के अंतर्गत आने वाले वाई.एस.एन.एम. कॉलेज, मेदिनीनगर के वनस्पति विज्ञान विभाग में विभा पांडे एकमात्र शिक्षिका हैं। शिक्षकों की कमी को देखते हुए विश्वविद्यालय के कुलसचिव ने 23 मार्च 2025 को उच्च एवं तकनीकी शिक्षा विभाग के निदेशक को पत्र लिखकर उन्हें 15 दिनों के भीतर मूल महाविद्यालय में योगदान देने का निर्देश जारी करने का अनुरोध किया था। इसके बावजूद अब तक कोई कार्रवाई नहीं की गई है।


नियमों की अनदेखी पर उठे सवाल
अभिषेक शुक्ला ने कहा कि यदि उच्च शिक्षा विभाग में नियमों और अधिसूचनाओं की खुलेआम अनदेखी होती रही तो इससे प्रशासनिक व्यवस्था की पारदर्शिता और विश्वसनीयता पर गंभीर सवाल खड़े होंगे। उन्होंने राज्यपाल से सभी विधिक प्रावधानों को ध्यान में रखते हुए विभा पांडे को तत्काल उपनिदेशक पद से मुक्त कर मूल महाविद्यालय भेजने की मांग की। ज्ञापन सौंपने वालों में विपिन कुमार यादव, सूरज सेठ, विशाल कुमार यादव, प्रभात कुमार महतो, अक्षय महतो, आयुष पाठक, सौरभ कुमार, मुन्ना कुमार समेत कई सदस्य मौजूद थे।

 

Tags - Jharkhand Education Politics CBI Ranchi