गढ़वा:
3 बच्चों की मां ने प्रेमी के साथ मिलकर पति को मार डाला। अपराध को हादसे का रूप देने की कोशिश की गई थी, लेकिन मृतक की मां के संदेह जताने पर हुई जांच में इस हत्याकांड का खौफनाक और शर्मनाक सच बाहर आ गया। वारदात की कड़ियां छत्तीसगढ़ के रामानुजगंज थानाक्षेत्र से झारखंड के गढ़वा तक जुड़ी है। 2 महीने पहले सड़क दुर्घटना में रवि प्रकाश की मौत की सच्चाई आखिरकार कैसे एक खौफनाक हत्याकांड के रूप में सामने आई, जानेंगे तो आप भी हैरान रह जाएंगे। लव, सेक्स और धोखे की ये कहानी काफी डरावनी है, जिसमें केवल एक व्यक्ति का कत्ल नहीं किया है, बल्कि भरोसे और रिश्तों का भी खून हुआ है।

2 महीने पहले सड़क दुर्घटना में हुई थी मौत
छत्तीसगढ़ के रामानुजगंज थानाक्षेत्र के रहने वाले रवि प्रकाश की मौत 2 महीने पहले सड़क दुर्घटना में हो गई थी। ये दुर्घटना गढ़वा जिले के चिनिया प्रखंड अंतर्गत बरवाही गांव के पास हुई थी। छत्तीसगढ़ के रामानुजगंज का रहने वाला रवि प्रकाश गढ़वा के बरवाही गांव क्यों हुआ। उसके साथ हादसा कैसे हुआ। क्या ये वाकई हादसा था। पुलिस कैसे एक साधारण सड़क दुर्घटना लग रही बात को हत्याकांड के रूप में राजफाश करने में कामयाब हुई। इस वीडियो स्टोरी में हमलोग सबकुछ सिलसिलेवार ढंग से जानेंगे।
मकान मालकिन को किराएदार से इश्क हुआ
कहानी की शुरुआत कुछ महीने पहले तब हुई थी, जब मोहम्मद हसन नाम का व्यक्ति किराए के मकान की तलाश में रवि प्रकाश के घर पहुंचा था। रवि प्रकाश ने मोहम्मद हसन को अपने उसी घर में एक कमरा दिया, जहां वह अपनी पत्नी मनीषा देवी के साथ रहता था। मोहम्मद हसन यहां रहने लगा और वक्त के साथ उसकी नजदीकियां मकान मालकिन मनीषा देवी से बढ़ने लगी। हंसी मजाक से शुरू हुआ सिलसिला प्रेम-प्रसंग तक पहुंचा और फिर उनमें अवैध संबंध स्थापित हो गये। मोहम्मद हसन के इश्क में डूबी मनीषा अब पति रवि प्रकाश के साथ नहीं रहना चाहती थी। 3 बच्चों की मां मनीषा ने पति रवि प्रकाश से तलाक मांगना शुरू कर दिया। रवि प्रकाश ऐसा नहीं चाहता था।
रवि के रहते मनीषा, मोहम्मद हसन के साथ अपना अवैध संबंध जारी नहीं रख सकती थी, इसलिए उसने पति को रास्ते से हटाने का फैसला कर लिया। उसने इस साजिश में प्रेमी मोहम्मद हसन को शामिल किया और मोहम्मद हसन ने दोस्त परवेज को साथ देने के लिए मना लिया। सवाल था कि वारदात को अंजाम कैसे देना है।
मनीषा ने साजिश के तहत पति को बुलाया था
मनीषा, मोहम्मद हसन और परवेज ने तय किया कि रवि प्रकाश की मौत हादसा लगना चाहिए। प्लान के मुताबिक, मनीषा झारखंड के गढ़वा जिला अंतर्गत चिनिया थानाक्षेत्र के बरवाही गांव आ गई। कुछ दिनों बाद उसने पति रवि प्रकाश को फोन किया और कहा कि आपसे मिलना चाहती हूं। मनीषा ने इतने प्यार से मिलने बुलाया कि रवि प्रकाश गढ़वा आने को तैयार हुआ। उसने सोचा कि अब विवाद खत्म हो गया।
रवि प्रकाश उधर रामानुजगंज से गढ़वा के लिए निकला और इधर, मनीषा प्रेमी मोहम्मद हसन को पति की पल-पल की लोकेशन भेजती रही। जैसे ही रवि प्रकाश बरवाही गांव के पास पहुंचा, मोहम्मद हसन ने उसकी बाइक को टक्कर मार दी। रवि प्रकाश की मौके पर ही मौत हो गई। पति की मौत के बाद मनीषा दहाड़ें मारकर रोने लगी। उसने पुलिस को बताया कि अज्ञात वाहन की टक्कर में पति की मौत हो गई। पुलिस के पास भी आरंभिक तौर पर शक करने की गुंजाइश नहीं थी, लेकिन मृतक रवि की मां को कहानी हजम नहीं हुई। उन्होंने बहू पर शक जताते हुए पुलिस से मामले की गहन जांच करने की मांग की।

मृतक की मां की लिखित शिकायत पर हुई जांच
मृतक रवि प्रकाश की मां की लिखित शिकायत पर पुलिस ने फाइल खोली और जांच का एंगल साजिश था। टेक्निकल सर्विलांस, मानवीय स्त्रोत और पति-पत्नी के बीच विवाद वह अहम कड़ियां थी, जिसने पुलिस के सामने कई चौंकाने वाला सच रखा। मनीषा के मोबाइल की जांच में सामने आया कि वह लगातार मोहम्मद हसन नाम के व्यक्ति के संपर्क में थी। जांच में सामने आया कि मनीषा, प्रेमी हसन को पति रवि प्रकाश की लोकेशन भेज रही थी। पुलिस ने मोहम्मद हसन के मोबाइल नंबर को सर्विलांस पर डाला तो पता चला कि उसका लोकेशन भी उसी जगह के आसपास था, जहां रवि प्रकाश के साथ हादसा हुआ था।
पुलिस ने आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा
इन साक्ष्यों को जमा करने के बाद मोहम्मद हसन को गढ़वा जिले के भंडरिया से गिरफ्तार किया गया। पुलिस ने सख्ती से पूछताछ की तो मोहम्मद हसन ने हत्याकांड की पूरी कहानी उगल दी। इसके बाद मृतक की पत्नी मनीषा और मोहम्मद हसन के सहयोगी मोहम्मद परवेज को गिरफ्तार कर लिया गया। रंका अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी रोहित रंजन सिंह ने बताया कि मामला काफी समय से अनसुलझा था। आखिरकार हम हत्याकांड का खुलासा करने में कामयाब रहे। मृतक की मां की शिकायत इसकी पहली कड़ी थी।