रांची
भाजपा के वरिष्ठ नेता और पूर्व मुख्यमंत्री रघुवर दास ने मंगलवार को प्रदेश भाजपा कार्यालय में प्रेसवार्ता कर झारखंड सरकार पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि राज्य में एक क्षेत्रीय दल की सरकार है और कांग्रेस केवल "पालकी ढोने" का काम कर रही है। दास ने राहुल गांधी पर भी तंज कसते हुए कहा कि जो संविधान की रक्षा की बात करते हैं, वे झारखंड में हो रहे अन्याय पर खामोश क्यों हैं?.jpg)
रघुवर दास ने आरोप लगाया कि सरकार न तो ट्रिपल टेस्ट के आधार पर पिछड़ों को आरक्षण दे रही है और न ही राज्य चुनाव आयुक्त की नियुक्ति कर रही है। इससे यह साफ है कि सरकार न पेसा कानून लागू करना चाहती है और न ही स्थानीय निकाय चुनाव कराने के पक्ष में है।
उन्होंने दावा किया कि पेसा कानून और शहरी विकास योजनाओं के तहत झारखंड को केंद्र से मिलने वाले लगभग 3,000 करोड़ रुपये से अधिक की सहायता नहीं मिल पाई है। इसका सीधा असर आदिवासी समाज और शहरी विकास दोनों पर पड़ा है।.jpeg)
पूर्व मुख्यमंत्री ने सवाल उठाया कि जब राज्य में आदिवासी मुख्यमंत्री हैं, तो आदिवासियों के हक की अनदेखी क्यों की जा रही है? उन्होंने सरकार पर “सिंडिकेट राज” चलाने और धर्मांतरण को बढ़ावा देने का आरोप लगाया।
दास ने चेतावनी दी कि यदि सरकार जल्द कैबिनेट लाकर पेसा कानून लागू नहीं करती, तो भाजपा सड़क पर उतरकर आंदोलन करेगी।