द फॉलोअप डेस्क
झारखंड कर्मचारी चयन आयोग (जेएसएससी) द्वारा ली जानेवाली स्नातक स्तरीय प्रतियोगिता परीक्षा का राज्य सरकार ने पिछले दिनों पैटर्न बदल दिया था। इसके लिए झारखंड कर्मचारी चयन आयोग परीक्षा संचालन नियमावली 2021 में बदलाव किया था। उस बदलाव के तहत एक चरण में होनेवाली प्रतियोगिता परीक्षा को दो चरणों में आयोजित करने का निर्णय लिया गया था। शर्त इतनी भर थी कि अगर किसी प्रतियोगिता परीक्षा के लिए आवेदकों की संख्या 50 हजार से कम होगी तो एक ही चरण में प्रतियोगिता परीक्षा आयोजित की जाएगी। मालूम हो कि 2021 में राज्य सरकार ने एक चरण में प्रतियोगिता परीक्षा आयोजित करने का निर्णय लिया था। दो चरणों में होनेवाली प्रतियोगिता परीक्षा का पहला चरण प्रारंभिक और दूसरा मुख्य प्रतियोगिता परीक्षा कहलाएगा। हां, जेएसएससी द्वारा पूर्व में प्रकाशित विज्ञापन पर संशोधित नियमावली का प्रभाव नहीं पड़ेगा। पूर्व प्रकाशित विज्ञापन के अनुसार प्रतियोगिता परीक्षाएं एक ही चरण में होगी।

इसी आधार पर राज्य सरकार अब मैट्रिक और इंटर स्तरीय प्रतियोगिता परीक्षा का भी पैटर्न बदलने जा रही है। कार्मिक ने प्रस्ताव तैयार कर स्वीकृति के लिए कैबिनेट भेजने का आग्रह किया है। इस तरह इंटर स्तरीय होनेवाली दो परीक्षाओं, एक सामान्य और दूसरा टंकण संबंधी प्रतियोगिता परीक्षा और फिर मैट्रिक स्तरीय और डिप्लोमा स्तरीय प्रतियोगिता परीक्षाएं भी दो चरणों में होंगी। एक प्रारंभिक और दूसरी मुख्य परीक्षा। यहां मालूम हो कि दो चरणों में प्रतियोगिता परीक्षा आयोजित करने के पीछे सरकार का उद्देश्य भ्रष्टाचार पर अंकुश लगाना भी है। दो चरणों में प्रतियोगिता परीक्षा आयोजित होने पर सिंडिकेट को हर जगह की सेटिंग करने में परेशानी बढ़ेगी।
.jpeg)