द फॉलोअप डेस्क
झारखंड और छत्तीसगढ़ को जोड़ने वाला राष्ट्रीय राजमार्ग-43 इन दिनों बदहाल स्थिति में है। इस सड़क की हालत देखकर कोई भी हैरान रह जाएगा कि क्या यह वास्तव में राष्ट्रीय राजमार्ग है या फिर कोई सूखा तालाब, जिसमें पानी भर चुका है। सड़क पर गड्ढे नहीं, बल्कि तालाब जैसे गड्ढे बन गए हैं, जिससे गुजरना वाहन चालकों के लिए किसी चुनौती से कम नहीं है।
इलाके के स्थानीय लोगों का कहना है कि उन्होंने कई बार सड़क की स्थिति को लेकर प्रशासन और जनप्रतिनिधियों का ध्यान आकर्षित करने की कोशिश की, लेकिन अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। परिणामस्वरूप यह सड़क दिन-ब-दिन और जर्जर होती जा रही है। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और झारखंड के पूर्व शिक्षा मंत्री बंधु तिर्की ने भी इस मुद्दे को गंभीरता से उठाया है। उन्होंने कहा कि यह केवल झारखंड और छत्तीसगढ़ को जोड़ने वाली सड़क नहीं है, बल्कि यह मार्ग झारखंड को महाराष्ट्र और मुंबई जैसे प्रमुख शहरों से जोड़ता है। इसके बावजूद इस सड़क की अनदेखी करना केंद्र सरकार की प्राथमिकताओं पर सवाल खड़ा करता है।
वर्तमान में केंद्र सरकार द्वारा यह दावा किया जा रहा है कि देशभर में सड़कों की स्थिति सुधारने के लिए व्यापक प्रयास किए जा रहे हैं और करोड़ों रुपये खर्च भी किए जा रहे हैं। लेकिन ज़मीनी हकीकत कुछ और ही बयां कर रही है। राष्ट्रीय राजमार्ग-43 की स्थिति देखकर यह कहना मुश्किल हो जाता है कि यह कोई हाईवे है या फिर किसी ग्रामीण इलाके की टूटी-फूटी सड़क। स्थानीय लोगों के अनुसार, सड़क के दोनों ओर जल निकासी की व्यवस्था न होने के कारण बारिश का पानी सड़क पर जम जाता है, जिससे लगातार सड़क टूट रही है। अब हालात ऐसे हो गए हैं कि सड़क पर पैदल चलना भी मुश्किल हो गया है। दिन में वाहन किसी तरह निकल भी जाते हैं, लेकिन रात में यह मार्ग पूरी तरह से जानलेवा साबित होता है।
गुमला जिले में NHAI द्वारा कई नई सड़कों का निर्माण कराया जा रहा है, लेकिन राष्ट्रीय राजमार्ग-43 को लेकर न तो राज्य सरकार और न ही केंद्र सरकार की ओर से कोई गंभीर पहल देखने को मिल रही है। बंधु तिर्की ने कहा कि जब छत्तीसगढ़ में भाजपा की डबल इंजन की सरकार है, तब भी इस सड़क की अनदेखी यह दर्शाती है कि झारखंड के लिए केंद्र सरकार की सोच कितनी उदासीन है। उन्होंने केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी से भी सवाल किया कि इस महत्वपूर्ण मार्ग की मरम्मत और विकास को लेकर अब तक कोई ठोस कार्रवाई क्यों नहीं की गई है। क्या यह सड़क सरकार की प्राथमिकता में नहीं है? स्थानीय लोगों और जनप्रतिनिधियों की मांग है कि इस सड़क की तत्काल मरम्मत करवाई जाए और सड़क के दोनों ओर नालियों का निर्माण किया जाए, ताकि पानी का जमाव न हो और भविष्य में सड़क की स्थिति न बिगड़े।
