हजारीबाग
झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री एवं नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने रविवार को हजारीबाग में प्रेस वार्ता की। उन्होंने छात्र आंदोलन के दौरान करीब 700 छात्रों पर दर्ज FIR को लेकर राज्य सरकार पर निशाना साधा।
छात्रों पर दर्ज मुकदमे वापस लेने की मांग
बाबूलाल मरांडी ने कहा कि सरकार तत्काल छात्रों पर दर्ज मुकदमे वापस ले, अन्यथा भारतीय जनता पार्टी इस मामले को लेकर खुलकर आंदोलन करेगी। उन्होंने कहा कि जिन छात्रों ने अपने अधिकार और अपने भविष्य को लेकर आवाज उठाई, उनके खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करना किसी भी स्थिति में उचित नहीं है।
छात्रों की मांगों को गंभीरता से लेने की जरूरत
उन्होंने कहा कि यदि किसी परीक्षा में धांधली के जरिए दूसरे प्रदेशों या दूसरे लोगों को नौकरी मिलती है, तो यह बेहद गंभीर मामला है। इसी के विरोध में झारखंड के छात्र सड़क पर उतरे थे। उन्होंने कहा कि ये छात्र इसी राज्य के हैं, इसी माटी के हैं और सरकार को उनके मुद्दों को समझकर समाधान करना चाहिए था, न कि उनके खिलाफ मुकदमे दर्ज करने चाहिए थे।
FIR से छात्रों के भविष्य पर पड़ सकता है असर
बाबूलाल मरांडी ने कहा कि एक छात्र के जीवन में प्राथमिकी का कितना गंभीर असर पड़ सकता है, इसे वही छात्र समझ सकता है। ऐसे में सरकार को छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ करने के बजाय उनकी समस्याओं का समाधान करना चाहिए।
CBI जांच की मांग दोहराई
वहीं, बाबूलाल मरांडी ने एक बार फिर पूरे मामले की सीबीआई जांच की मांग दोहराई। उन्होंने राज्य सरकार से आग्रह किया कि मामले की निष्पक्ष जांच के लिए इसे सीबीआई को सौंपा जाए, ताकि पूरे प्रकरण की सच्चाई सामने आ सके। मुकदमे वापस नहीं हुए तो आंदोलन तेज करने की चेतावनी दी। उन्होंने स्पष्ट चेतावनी दी कि यदि छात्रों पर दर्ज मुकदमे वापस नहीं लिए गए, तो भाजपा इस मुद्दे को लेकर आंदोलन को और तेज करेगी।