द फॉलोअप डेस्क
गढ़वा जिले में रील बनाने का शौक दो मासूम बच्चियों की जिंदगी पर भारी पड़ गया। केतार थाना क्षेत्र के पाचाडुमर गांव स्थित सोन नदी में रील बनाने के दौरान तीन लड़कियां गहरे पानी में डूब गईं। ग्रामीणों ने एक लड़की को बचा लिया, जबकि जूली कुमारी और खुशबू कुमारी तेज धार में बह गईं। जूली का शव बरामद हो चुका है, लेकिन हादसे के तीन दिन बाद भी खुशबू का कोई सुराग नहीं मिला है। जल भरने गई थीं, नदी में बनाने लगीं रील: सावन की दूसरी सोमवारी के मौके पर तीनों लड़कियां सोन नदी में जल भरने गई थीं। इसी दौरान वे नदी में रील बनाने लगीं। अचानक तीनों गहरे पानी में चली गईं और डूबने लगीं। ग्रामीणों ने एक लड़की को सुरक्षित बाहर निकाल लिया, लेकिन जूली और खुशबू नदी की तेज धार में बह गईं।

10 किलोमीटर दूर मिला जूली का शव
हादसे के बाद पुलिस और ग्रामीणों ने सोन नदी में बड़े स्तर पर सर्च ऑपरेशन शुरू किया। काफी तलाश के बाद जूली कुमारी का शव घटनास्थल से करीब 10 किलोमीटर दूर कांडी थाना क्षेत्र के श्रीनगर के पास सोन नदी के किनारे से बरामद किया गया। वहीं, खुशबू की तलाश अब भी जारी है। परिजन अलग-अलग घाटों पर उसकी तलाश में जुटे हैं और स्थानीय गोताखोरों की मदद से सर्च ऑपरेशन चलाया जा रहा है।

परिजनों ने तेज अभियान की मांग की
खुशबू के परिजनों ने प्रशासन से खोज अभियान में तेजी लाने और विशेषज्ञ गोताखोरों की टीम लगाने की मांग की है। इस बीच जेएमएम नेता दीपक प्रताप देव केतार पहुंचे और जूली के परिजनों से मुलाकात कर उन्हें ढांढस बंधाया। उन्होंने लापता खुशबू की तलाश के लिए पर्याप्त संसाधन और विशेषज्ञ गोताखोर उपलब्ध कराने की अपील जिला प्रशासन से की है।