द फॉलोअप, रांची
राज्य के मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी (CEO) कार्यालय ने विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) को लेकर फैलायी जा रही अफवाहों और भ्रामक सूचनाओं पर विस्तृत स्पष्टीकरण दिया है। सीईओ कार्यालय द्वारा जारी विज्ञप्ति में कहा गया है कि SIR मतदाता सूची को अधिक पारदर्शी, सटीक और भागीदारीपूर्ण बनाने की एक ऑडिट प्रक्रिया है। कुछ नागरिक संगठनों और मीडिया रिपोर्टों में यह प्रचारित किया जा रहा है कि "अनमैप्ड" (बिना मैपिंग वाले) मतदाताओं के नाम सीधे मतदाता सूची से हटा दिए जाएंगे, जबकि यह पूरी तरह गलत है। निर्वाचन कार्यालय ने स्पष्ट किया कि वर्ष 2026 की मतदाता सूची में शामिल सभी वर्तमान मतदाताओं को पूर्व में भरे हुए एन्यूमरेशन फॉर्म दिए जा रहे हैं। यदि मतदाता निर्धारित समय के भीतर हस्ताक्षरित फॉर्म BLO को जमा कर रसीद प्राप्त कर लेता है, तो उसका नाम प्रारूप मतदाता सूची में शामिल रहेगा। किसी भी मतदाता का नाम बिना नोटिस दिए और निर्वाचक निबंधन पदाधिकारी (ERO) या सहायक निर्वाचक निबंधन पदाधिकारी (AERO) द्वारा सुनवाई किए बिना नहीं हटाया जा सकता।

सीईओ कार्यालय के अनुसार, जिन मतदाताओं की स्वयं या माता-पिता की मैपिंग सही तरीके से पूरी हो चुकी है और उन्होंने फॉर्म जमा कर दिया है, उन्हें कोई अतिरिक्त दस्तावेज देने की आवश्यकता नहीं होगी। वहीं जिनकी मैपिंग अधूरी है या उसमें त्रुटि है, लेकिन उन्होंने फॉर्म जमा कर दिया है, उनका नाम भी प्रारूप सूची में शामिल किया जाएगा। आवश्यकता पड़ने पर बाद में नोटिस देकर दस्तावेज मांगे जाएंगे। CEO कार्यालय ने बताया कि केवल पांच श्रेणियों के मतदाता प्रारूप सूची में शामिल नहीं होंगे। इनमें डुप्लीकेट प्रविष्टि वाले, मृत, स्थायी रूप से स्थानांतरित, अनुपस्थित या अज्ञात तथा हस्ताक्षर करने से इनकार करने वाले (गैर-भारतीय) शामिल हैं। इन सभी नामों को ASDD सूची में प्रकाशित किया जाएगा, ताकि उन पर दावा और आपत्ति दर्ज कराई जा सके।
निर्वाचन आयोग ने बताया कि 23 मई से अनमैप्ड मतदाताओं की सूची मतदान केंद्रों पर सार्वजनिक की जा चुकी है। BLO घर-घर जाकर फॉर्म एकत्र कर रहे हैं, स्वयंसेवकों की नियुक्ति की गई है तथा ECINET ऐप और वेबसाइट के माध्यम से भी मतदाता अपनी जानकारी सत्यापित कर सकते हैं। राजनीतिक दलों के BLA-2 प्रतिनिधि भी इस पूरी प्रक्रिया में शामिल हैं। आयोग ने कहा कि 5 अगस्त 2026 को प्रारूप मतदाता सूची प्रकाशित होगी और सभी योग्य नागरिकों का नाम उसमें शामिल किया जाएगा, यदि उन्होंने हस्ताक्षरित एन्यूमरेशन फॉर्म जमा कर दिया है।