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दिशा की बैठक में सीपी सिंह और एसएसपी चंदन सिन्हा उलझे, नगर निगम पदाधिकारियों पर बरसे जनप्रतिनिधि

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द फॉलोअप डेस्क
श्रीकृष्ण लोक प्रशासन संस्थान(एटीआई) सभागार में जिला विकास समन्वय एवं अनुश्रवण समिति(दिशा) की बैठक हंगामेदार रही। रांची नगर निगम के पदाधिकारियों पर कई सवाल उठाए गए तो रांची के विधायक सीपी सिंह ने एसएसपी चंदन सिन्हा पर कई आरोप भी लगा बैठे। बैठक की अध्यक्षता केंद्रीय रक्षा राज्य मंत्री संजय सेठ ने की। बैठक के दौरान बीजेपी विधायक सीपी सिंह ने नगर निगम की कार्यशैली पर सवाल उठाते हुए कहा कि राजधानी की सड़कों की हालत बद से बदतर है और गलियां गड्ढों में तब्दील हो चुकी हैं। इतना ही नहीं सीपी सिंह पर भी उखड़ गए। उन्होंने एसएसपी पर सवाल खड़ा किया कि जाति-धर्म देख कर अतिक्रमण हटाया जा रहा है। एक क्षेत्र विशेष को इंगित करते हुए उन्होंने कहा कि वहां किसी का पुरुषार्थ कहां जाता। हालांकि इस बात पर एसएसपी चंदन सिन्हा भी उत्तेजित हुए और कहा आरोप सही नहीं है। पुलिस समान दृष्टि से काम करती है। मर्यादा सबकी है। संजय सेठ और विधायक नवीन जायसवाल ने बीच बचाव कर नोक-झोंक शांत कराया। संजय सेठ ने बताया कि जल्द ही केतारी बगान और पावर हाउस फ्लाई ओवर की सौगात रांची की जनता को मिलेगा। मालूम हो कि रांची और नामकुम स्टेशन के बीच रेलवे लाइन के ऊपर दो आरओबी बनना है। इसमें केंद्र सरकार की भी आधी हिस्सेदारी है। एक ही मुद्दे पर आम सहमति बनती दिखी। वह था करमा पूजा और दुर्गा पूजा के अवसर शहर की साफ-सफाई बेहतर हो।

सीपी सिंह का सोशल मीडिया पर पोस्ट

रांची की जनता की आवाज उठाते हुए मैंने आज दिशा की बैठक में रांची पुलिस और रांची नगर निगम की पक्षपातपूर्ण और निकृष्ट कार्यशैली पर सीधा सवाल रखा। मैं अतिक्रमण का समर्थक नहीं हूं, परंतु हेमंत सरकार के निर्देश पर पुलिस-प्रशासन का यह एकतरफा रवैया किसी भी हाल में स्वीकार्य नहीं है। मेरे घर रोज रांची के विभिन्न इलाकों (रातु रोड, चुटिया, कचहरी, करमटोली, लालपुर) से सैकड़ों मेहनतकश लोग आते हैं, जो ठेला-रेहड़ी पर दिन-रात पसीना बहाकर अपने परिवार का पालन-पोषण करते हैं, और वो मुझसे पूछते हैं कि क्यों पुलिस केवल उन्हें ही निशाना बनाती है, जबकि मेन रोड, हिंदपीढ़ी, कर्बला चौक, एकरा मस्जिद और कांटाटोली जैसे इलाकों में प्रशासन की हिम्मत नहीं होती झांकने की। यह स्पष्ट है कि रांची पुलिस कानून का पालन कराने के बजाय धर्म देखकर कार्रवाई करती है और जनता से कभी हेलमेट चेकिंग तो कभी सीटबेल्ट के नाम पर अवैध वसूली कर रही है। जनता के चुने हुए प्रतिनिधि के नाते मैं स्पष्ट कहता हूं कि यह अन्याय और भेदभाव मैं बिल्कुल बर्दाश्त नहीं करूंगा।


नगर निगम के पदाधिकारियों पर भी भड़के जनप्रतिनिधि

जानकारी के अनुसार दिशा की बैठक में रांची नगर निगम के पदाधिकारी भी टार्गेट पर रहे। साफ सफाई के लिए जनप्रतिनिधियों ने उन्हें काफी भला-बुरा कहा। सवाल विज्ञापन पर भी उठा। यहां भी निगम द्वारा विज्ञापन पर खर्च की गयी लगभग 10 करोड़ की राशि के औचित्य पर सवाल उठाया गया। सीपी सिंह ने कहा कि विज्ञापन के लिए कब टेंडर हुआ, कितनी राशि खर्च हुई इसकी जानकारी राजधानी रांची की जनता को दी जानी चाहिए। राज्यसभा सांसद दीपक प्रकाश ने अधिकारियों की कार्यशैली पर असंतोष जताया। उन्होंने कहा कि जनता के पैसे से अधिकारियों का वेतन भुगतान होता है। जनता के प्रतिनिधि अधिकारियों के माध्यम से उनका काम कराते हैं। लेकिन अधिकारी जनप्रतिनिधियों की बातो को तबज्जो नहीं देते। यह स्थिति बदलनी चाहिए।


शिल्पी नेहा तिर्की भी उखड़ी

कृषि मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की  ने भाजपा नेताओं पर आज की बैठक के मुख्य एजेंडे से भटकाने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि झारखंड में चल रही केंद्रीय योजनाओं के लिए भारत सरकार अपने हिस्से का पैसा नहीं दे रही है। इस कारण समय पर योजनाएं पूरी नहीं हो पा रही है। दूसरी ओर भाजपा के सांसद-विधायक मुद्दे को भटकाने की कोशिश कर रहे हैं। राज्यसभा सांसद महुआ माजी ने स्वास्थ्य सेवाओं और महिला सुरक्षा के मुद्दे को प्राथमिकता से उठाने की मांग की।


 

Tags - Jharkhand Ranchi Disha meeting CP Singh and SSP Chandan Sinha got into a tussle Ranchi Municipal Corporation officials were also on target Sanjay Seth was also present