द फॉलोअप डेस्क
भवन नियमितीकरण योजना में चैंबर की ओर से दिए गए समस्त सुझावों को समाहित करने के लिए मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन और विभागीय सचिव से पत्राचार किया जाएगा। ताकि इस योजना से अधिकाधिक जनता लाभान्वित हो सके। यह निर्णय बुधवार को चैंबर भवन में झारखंड चैंबर ऑफ कॉमर्स के रियल एस्टेट एंड अर्बन डेवलपमेंट (Real Estate and Urban Development of Jharkhand Chamber of Commerce) उप समिति की बैठक लिया गया। उपस्थित सदस्यों ने भवन नियमितीकरण योजना और उसमें सुधार के लिए फेडरेशन चैंबर द्वारा दिए गये सुझाव पर वृहद् रूप से चर्चा की। वहीं, झारखंड हाईकोर्ट के द्वारा नगर निगम एवं आरआरडीए पर नक्शा पास करने पर लगाई गई रोक पर भी चर्चा हुई। तय हुआ कि उच्च न्यायालय द्वारा निर्देशित कार्रवाई व नियुक्ति संबंधित समस्याओं के शीघ्र निराकरण के लिए भी मुख्यमंत्री और विभागीय सचिव को पत्र लिखा जाएगा। इसके अलावा जल्द ही चैंबर का एक प्रतिनिधिमंडल अध्यक्ष किशोर मंत्री के नेतृत्व में विभागीय सचिव से मिलेगा इस पर भी सहमति बनी।

निर्माणाधीन भवनों की गुणवत्ता पर दें डेवलपर्स
उप समिति के चेयरमेन अंचल किंगर ने राज्य के बिल्डरों से रियल एस्टेट सेक्टर में आने वाली समस्याओं से चैंबर को अवगत कराने की अपील की। कहा, डेवलपर्स निर्माणाधीन भवनों की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान दें। भवन का निर्माण स्थानीय निकायों द्वारा स्वीकृत मैंप के नियमानुसार शत-प्रतिशत हो। वहीं, उप समिति के को-चेयरमेन आलोक सरावगी ने रियल एस्टेट से जुडे डेवलपर्स से कानून का अनिवार्य रूप से पालन करने की अपील की। साथ ही सभी से निर्माणाधीन भवनों में ओक्यूपेंसी सर्टिफिकेट के साथ ही सभी अनिवार्य एनओसी लिया जाना अवश्य सुनिश्चित करने की बात कही। ताकि, भविष्य में किसी भी प्रकार की कठिनाई नहीं हो।

हमारे वाट्सअप ग्रुप से जुड़ने के लिए इस लिंक पर क्लिक करें : https://chat.whatsapp.com/EUEWO6nPYbgCd9cmfjHjxT