द फॉलोअप डेस्क
धनबाद में फिर बड़ा खूनी खेल होने वाला था लेकिन समय रहते यह टल गया है। 2017 में पूर्व डिप्टी मेयर और कांग्रेस नेता नीरज सिंह की गोलियों से भूनकर हत्या कर दी गई थी। ऐसा ही एक मंजर फिर तैयार हो रहा था। दरअसल प्रभात खबर में छपी इस खबर के बाद से बयान, आरोप-प्रत्यारोप व धमकी का दौर शुरू हो गया है। हत्या की साजिश को लेकर भाजपा प्रदेश कार्यसमिति सदस्य रागिनी सिंह ने विधायक पूर्णिमा नीरज सिंह पर अपराधियों को संरक्षण देने का आरोप लगाया। विधायक के देवर हर्ष सिंह पर सत्ता का दुरुपयोग करने का आरोप मढ़ा। उन्होंने नीरज हत्याकांड की सीबीआई जांच की मांग की। साथ ही गैंगस्टर अमन सिंह और प्रिंस खान से संबंध रखने वाले अपराधियों को संरक्षण देने का आरोप भी विधायक पूर्णिमा सिंह पर लगाया। हालांकि, विधायक ने इन आरोपों को सीरे से खारिज करते हुए कहा कि पुलिस अपना काम करेगी। वहीं, इस बीच एक वीडियो गैंगस्टर प्रिंस खान का तेजी से वायरल हो रहा है। जिसमें वो रागिनी को सिंह को भला-बुरा कह रहा है। प्रिंस खान खुलेआम रागिनी सिंह को चुनौती दे रहा है। इस वीडियो की पुष्टि द फॉलोअप नहीं करता।

वायरल वीडियो में क्या कहा रहा प्रिंस खान, पढ़ें...
वायरल वीडियो में प्रिंस खान कह रहा है कि वह बदला के लिए रंगदारी कर रहा है। जबकि, अमन सिंह की जिंदगी पूर्व विधायक संजीव सिंह ने कराई है। उसका और अमन सिंह का कोई कनेक्शन नहीं है। यह गलत बात है। हर्ष सिंह की हत्या का षड़यंत्र किया जा रहा है। रागिनी का पति संजीव जेल में बैठकर सिस्टम चला रहा है। वह फोन पहले अमन सिंह से कराता है फिर मैनेज कर लेता है। आधा पैसा खुद रखता है और आधा अमन सिंह को देता है। चोर रागिनी के मन में था इसलिए वह मीडिया के सामने आई। पूर्णिमा सिंह का पैर का धोवन भी नहीं है। ऐसा न करो रागिनी की छोटा सरकार के डर से तुम्हारे ससुर छिप के पार होता था 80-90 दशक में, वैसा ही स्थिति ला देंगे। वीडियो में प्रिंस खान ने कहा कि रागिनी सिंह के पति संजीव सिंह जेल में बैठकर यह षड्यंत्र रच रहे हैं। पहले अजय रवानी को पूर्णिमा सिंह के पास भेजा गया। उसके बाद उसे हर्ष सिंह के पास भेजा गया है। रागिनी हमें खूंखार अपराधी बोलती है, हमने जितने भी मर्डर किए उसकी जिम्मेवारी भी ली है। मैंने कभी अपनों का खून नहीं बहाया। सत्ता और पैसे के लालच के चक्कर में एक साथ चार चार लोगों का हम संहार नहीं करते हैं। लेकिन सिंह मेंशन ऐसे लोगों का संहार करती है। अपने ही भाई को मौत के घाट उतारती है। हमने जितने भी लोगों को मौत के घाट उतारे हैं. वह सभी दो नंबर के हैं। डॉक्टर से रंगदारी हम नहीं मांगते हैं. डॉक्टर से रंगदारी मांगना सिंह मेंशन का काम है। पिछली बार भी जेल में बैठकर संजीव सिंह डॉक्टर से रंगदारी मांगा था. जिसके बाद डॉक्टर धनबाद छोड़कर चला गया था। प्रिंस ने रागिनी सिंह से कहा कि रक्त नीति में आना है, तो खुले रूप से आओ। हम इस रक्त नीति का स्वागत करते हैं. बहुत जल्द ही तुम्हारे क्षेत्र में एक कोयला व्यवसाई को मौत के घाट उतारने वाले हैं। आद्रा डिवीजन का काके सरदार को पहले मौत की नींद सुलाएंगे। फिर सोशल मीडिया पर चिट्ठी गिरा कर हम खुद इस घटना की जिम्मेवारी भी लेंगे। पहले जाकर सरदार को बचाओ। उन्होंने कहा कि अपनी राजनीति अपने घर में रखो. मेरे रक्त नीति में आने की कोशिश मत करो। आगे से मीडिया में मेरे को लेकर कोई भी बयानबाजी रागिनी सिंह मत करना। वरना सभी को छोड़कर हमें तुमसे ही लड़ना पड़ेगा। फिर सिंह मेंसन को बलिया भेजना पड़ेगा। वहीं, रागिनी से कहा कि अमित गुप्ता हाल ही में शेरू हत्याकांड में जेल से बाहर निकला है. वह भी तो अपराधी ही है। सिंह मेंशन की थार और स्कॉर्पियो लेकर अमित गुप्ता घूमता है। उसके बारे में मीडिया को क्यों नहीं बताती हो। प्रिंस वीडियो में कह रहा है कि अमित गुप्ता को हम आज नहीं तो कल जरूर मारेंगे और इसकी जिम्मेवारी भी लेंगे। वहीं, रागिनी सिंह को चैलेंज करते हुए कहा कि बहुत जल्द हम झरिया में घुसने वाले हैं। कोयला किसी की बपौती नहीं है। जिस में दम होगा वही कोयला का व्यवसाय करेगा। जो भी मेरे रास्ता में आएगा, उसको ठोकेंगे और उसकी जिम्मेवारी भी लेंगे।

जानें क्या है पूरा मामला
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार झरिया की विधायक पूर्णिमा नीरज सिंह का पहले वाला वाहन चालक अजय रवानी, नीरज सिंह के हत्यारों के संपर्क में था। अजय रवानी, कुख्यात अपराधी अमन सिंह व प्रिंस खान के संपर्क में था। इसके लिए उसने अमन सिंह के एक साथी को जरिया बनाया था। वह विधायक और उनके रिश्तेदार जो कि धनबाद के एक बड़ी आउटसोर्सिग कंपनी के संचालक हैं साथ ही एक बड़े कोयला व्यवसायी पर नजर बनाए था। उसने पूर्णिमा नीरज सिंह के कार्यक्रम से जुड़े कई वीडियो, फोटो भी अमन सिंह के साथ साझा की थी।

वाट्सएप चैट में मिले हैं कई सबूत
पुलिस का दावा है कि होली के दौरान ही खूनी खेल की घटना को अंजाम देने का प्लान बना था। लेकिन पुलिस की कार्रवाई से यह फेल हो गई। पुलिस को जांच के दौरान कुछ चैट, वीडियो भी मिला है। पुलिस फिलहाल अजय व उसके एक साथी को हिरासत में लेकर पूछताछ कर रही है। बता दें कि पिछले माह केंदुआ क्षेत्र में एक आउटसोर्सिग कंपनी के संचालक पर जानलेवा हमला हुआ था। इस सिलसिले में पुलिस ने अजय खानी से पूछताछ की थी। तब उसने कहा था कि वह विधायक के रिश्तेदार की गाड़ी चला रहा है। जबकि वह पूर्णिमा नीरज सिंह का वाहन उस समय चलाया करत था। पता चला कि वह विधायक के कार्यक्रम का वीडियो बना कर अमन सिंह के गुर्गों को भेजता था। वह उनसे लगातार संपर्क में था। हालांकि चैट डिलीट थे लेकिन साइबर सेल की मदद से सब रिकवर कर लिया गया। अजय रवानी से जो जानकारी मिली है उसके आधार पर प्रिंस खान व अमन सिंह से जुड़े लोगों की सूची बनाई जा रही है। पुलिस ने सिंदरी, निचितपुर द कतरास के कुछ इलाकों में कई संदिग्धों के यहां पूछताछ की है। एक अन्य को भी हिरासत में लिया गया है। यह व्यक्ति प्रिंस खान के लिए वसूली करता है। पुलिस का दावा है कि इस बार विधायक पूर्णिमा नीरज सिंह, एक आउटसोर्सिंग कंपनी के मालिक और एक कोयला कारोबारी अपराधियों के निशाने पर थे।

हमारे वाट्सअप ग्रुप से जुड़ने के लिए इस लिंक पर क्लिक करें : https://chat.whatsapp.com/EUEWO6nPYbgCd9cmfjHjxT