साहेबगंज
साहेबगंज जिले के रामपुर टोपरा, दुर्गा स्थान, बड़ा रामपुर एवं अन्य दियारा क्षेत्रों में आई बाढ़ के बाद जिला प्रशासन द्वारा बाढ़ राहत कार्य तेज़ी से किए जा रहे हैं। इसी क्रम में रविवार को स्वास्थ्य विभाग की ओर से एक विशेष स्वास्थ्य शिविर का आयोजन किया गया, जिसमें दर्जनों बाढ़ प्रभावित ग्रामीणों की स्वास्थ्य जांच और इलाज किया गया। शिविर में बुजुर्गों, बच्चों, महिलाओं और गर्भवती महिलाओं समेत सभी वर्गों के मरीजों की विशेष रूप से जांच की गई और उन्हें आवश्यक दवाएं नि:शुल्क उपलब्ध कराई गईं।
इस स्वास्थ्य शिविर का आयोजन सिविल सर्जन डॉ. रामदेव पासवान के मार्गदर्शन में किया गया। उन्होंने बताया कि,
“बाढ़ से प्रभावित इलाकों में संक्रमण फैलने का खतरा अधिक होता है, इसलिए समय रहते इलाज और जांच कराना जरूरी है। यदि भविष्य में भी आवश्यकता पड़ी, तो ऐसे स्वास्थ्य शिविर लगातार आयोजित किए जाएंगे।”
शिविर में फ्रंट लाइन वर्कर्स, डीएमएफटी (DMFT), डब्ल्यूएचओ (WHO), स्कूल फाउंडेशन, और स्वास्थ्य विभाग की संयुक्त टीम ने सक्रिय भागीदारी निभाई। आयोजन के दौरान ग्रामीणों को स्वास्थ्य जांच, परामर्श, और दवाओं का नि:शुल्क वितरण किया गया।

शिविर की प्रमुख स्वास्थ्य सेवाएं:
• गर्भवती महिलाओं की एएनसी जांच (ANC)
• सिकल सेल, एनीमिया एवं मलेरिया की जांच व उपचार
• गैर-संचारी रोगों (NCDs) की स्क्रीनिंग व रेफरल
• नियमित टीकाकरण हेतु जागरूकता और ऑन-स्पॉट वैक्सीनेशन
• आयुष्मान कार्ड, मुख्यमंत्री गंभीर बीमारी योजना व अबुआ स्वास्थ्य सुरक्षा कार्ड से संबंधित जानकारी व सहायता
• 'ममता वाहन' की सुविधा से बाढ़ पीड़ित गर्भवती महिलाओं के लिए नि:शुल्क आवागमन की व्यवस्था
• प्रसव से एक सप्ताह पूर्व गर्भवती महिलाओं को अस्पताल में भर्ती होने के लिए जागरूक करना
• बच्चों के समय पर टीकाकरण व स्वास्थ्य समस्याओं के समाधान हेतु ANM व सहिया से संवाद की सलाह
सिविल सर्जन ने बताया कि इन बाढ़ग्रस्त इलाकों में जनजागरूकता और सामुदायिक भागीदारी बेहद जरूरी है। उन्होंने ग्रामीणों से अपील की कि वे अपनी व अपने परिवार की सेहत को लेकर सजग रहें और किसी भी स्वास्थ्य समस्या की स्थिति में तुरंत नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र या शिविर से संपर्क करें।

शिविर में मौजूद प्रमुख लोग:
• डॉ. महमूद आलम (प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी)
• पल्लवी दास (डीएमएफटी परियोजना पदाधिकारी)
• आदित्य कुमार (सहायक)
• संदीप कुमार (डीपीसी)
• आरबीएसके टीम, सीएचओ, एएनएम, डब्ल्यूएचओ, एवं स्कूल फाउंडेशन टीम
शिविर को सफल बनाने में इन सभी के साथ-साथ स्थानीय ग्रामीणों और जन प्रतिनिधियों का सहयोग भी सराहनीय रहा।
स्वास्थ्य विभाग ने यह भी स्पष्ट किया कि आने वाले दिनों में अन्य बाढ़ प्रभावित इलाकों में भी इसी तरह के स्वास्थ्य शिविरों का आयोजन किया जाएगा, ताकि किसी भी महामारी या संक्रमण से बचा जा सके और हर व्यक्ति को समय पर चिकित्सीय सहायता मिल सके।
