रांची
रांची विश्वविद्यालय में आज अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद् (एबीवीपी) की रांची महानगर इकाई द्वारा एक बड़ा आंदोलन आयोजित किया गया। यह प्रदर्शन विश्वविद्यालय प्रशासन की लापरवाही और शैक्षणिक अव्यवस्था के विरोध में किया गया, जिसमें सैकड़ों छात्रों ने भाग लिया और अपनी समस्याओं को जोरदार ढंग से उठाया।
आंदोलन के दौरान परिषद् ने तीन प्रमुख मांगों को लेकर प्रशासन को घेरा:
यूजी और पीजी सेमेस्टर-1 की परीक्षाओं में अनावश्यक देरी:
छात्रों ने बताया कि स्नातक (UG) और स्नातकोत्तर (PG) सेमेस्टर-1 की परीक्षाएं काफी समय से लंबित हैं, जिससे छात्रों का शैक्षणिक भविष्य अधर में लटका हुआ है। समय पर परीक्षाएं न होने के कारण छात्रों में असमंजस की स्थिति और मानसिक तनाव तेजी से बढ़ रहा है।

परीक्षा परिणामों में गंभीर गड़बड़ियां:
छात्रों ने आरोप लगाया कि हाल ही में घोषित किए गए सेमेस्टर परीक्षाओं के परिणामों में कई त्रुटियाँ हैं। कई होनहार छात्रों को अनुतीर्ण करार दे दिया गया, जबकि कई के परिणाम अब तक ऑनलाइन अपलोड नहीं किए गए हैं। इससे छात्रों की आगे की पढ़ाई और करियर पर नकारात्मक असर पड़ रहा है।
फाइन आर्ट्स विभाग में मूलभूत सुविधाओं का अभाव:
परिषद् ने यह भी बताया कि फाइन आर्ट्स विभाग में न तो पर्याप्त कक्षा-कक्ष हैं और न ही आवश्यक संसाधन उपलब्ध कराए जा रहे हैं। छात्रों को बुनियादी सुविधाओं के अभाव में शैक्षणिक गतिविधियों में भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इस दौरान परिषद् के पदाधिकारियों ने प्रशासन को चेतावनी दी कि यदि इन समस्याओं का शीघ्र समाधान नहीं किया गया, तो एबीवीपी आने वाले दिनों में और भी उग्र आंदोलन करने को बाध्य होगी। आंदोलन शांतिपूर्ण ढंग से सम्पन्न हुआ, लेकिन छात्रों की भारी भागीदारी और आक्रोश ने यह स्पष्ट कर दिया कि रांची विश्वविद्यालय में सुधार की मांग अब और टाली नहीं जा सकती।
