पटना:
राज्यसभा को लेकर जदयू ने अपने उम्मीवार की घोषणा कर दी है। इस बार आरसीपी सिंह को जदयू ने टिकट नहीं दिया है। जिसके बाद केंद्रीय मंत्री और जेडीयू के बड़े नेता आरसीपी सिंह के चेहरे का रंग ही मानों कहीं उड़ गया है। पटना में आरसीपी सिंह जब पत्रकारों से बात कर रहे थे तो टिकट कटने का दर्द साफ तौर से उनके चेहरे पर दिख रहा था लेकिन उन्होंने इस छिपाने की हर संभव कोशिश की। बता दें कि इस बार पार्टी ने खीरू महतो को टिकट दिया हैं।

जेडीयू पार्टी में बहुत सम्मान मिला है: आरसीपी सिंह
आरसीपी सिंह ने कहा कि हमारी पार्टी के नेता नीतीश कुमार का आभार है कि उन्होंने हमें संगठन में अध्यक्ष से लेकर केंद्र में मंत्री बनने तक के कई मौके दिए। आरसीपी सिंह ने कहा कि हम लंबे समय तक नीतीश कुमार के साथ रहे हैं, उनके साथ काम किया है। नीतीश कुमार जो भी निर्णय लेंगे वो मेरे पक्ष में ही रहेगा। आरसीपी सिंह ने कहा कि मैं उनका आभार व्यक्त करता हूं। मुझे जेडीयू पार्टी में बहुत सम्मान मिला है, इसके लिए मैं सभी का आभार प्रकट करता हूं।
बिहार में पार्टी को जड़ों तक पहुंचाया है
आरसीपी सिंह ने कहा कि उनका और मुख्यमंत्री नीतीश कुमार का रिश्ता आज का नहीं है बल्कि 25 साल पुराना संबंध है। उन्होंने आगे कहा कि उन्होने बिहार में पार्टी को जड़ों तक पहुंचाया है। आज हर गांव में जेडीयू के वर्कर्स मौजूद है। मैंने हरेक गांव में बूथ स्तर पर जेडीयू का कार्यकर्ता बनाया है। मैंने पार्टी में 33 प्रकोष्ठ बनाया और सभी निर्णय मैंने नीतीश कुमार की सहमति से लिया। आरसीपी सिंह ने कहा कि मैंने आईएएस के तौर पर भी काम किया है। हमारे शुभचिंतक हर गांव में हैं।

पीएम से मिलेंगे आरसीपी
मंत्रिमंडल से इस्तीफे के सवाल पर आरसीपी सिंह ने कहा कि इसका अधिकार पीएम का है। मैं इस मसले पर पीएम से मिलूंगा। मैं अपने काम को ईमानदारी से करूंगा। मैं पीएम से पर मिलूंगा और उनका निर्णय सर्वोपरि होगा। आरसीपी सिंह ने कहा कि नीतीश कुमार हों या ललन सिंह मेरे सभी नेताओं से सही संबंध हैं।
नीतीश से नाराजी पर बोले आरसीपी
आरसीपी ने कहा कि हमसे कोई नाराज नहीं है। मैंने आज तक किसी को नाराज नहीं किया, मैं तो लोगों की नाराजगी को दूर करता हूं। नेता नीतीश कुमार ने पार्टी और मेरा ख्याल रख के ही निर्णय लिया होगा फिलहाल राज्यसभा में हमारा कार्यकाल 6-7 जुलाई तक है।