छपरा:
दियारा की जिस उपजाऊ जमीन पर कभी तरबूज, खरबूज, ककड़ी, खीरा, परवल, नींबू और पपीते की खेती होती थी वहां अब शराब उगाई जा रही है। बिहार पुलिस की टीम ने जब दियारा की उक्त जमीन को खोदा तो शराब का फ्वारा फट पड़ा। मामला छपरा जिले का है। यहां शराब तस्करों ने शराब छुपाने का अनोखा तरीका खोज निकाला है। पुलिस घरों में, वाहनों में और गोदामों में छापा मारकर अवैध शराब की खेप पकड़ लेती है। इसलिए, तस्करों ने दियारा की मिट्टी को शराब छुपाने का ठिकाना बना लिया।

दियारा के बालू में छिपाकर रखी शराब
गौरतलब है कि बिहार के छपरा जिला अंतर्गत सोनपुर में शराब माफिया, दियारा की मिट्टी में शराब की बड़ी-बड़ी खेप छिपा देते हैं। पुलिस ने जब छापा मारा तो दियारा में मिट्टी और बालू के नीचे छिपाकर रखा गया शराब का भंडार मिला। बता दें कि ड्रोन कैमरे से हो रही निगरानी के दौरान इसका खुलासा हुआ। इससे पहले भी धान या गेहूं की फसल के बीच शराब छिपाने का मामला सामने आ चुका है। मद्य निषेध विभाग ने कार्रवाई कर बड़ी मात्रा में अवैध शराब बरामद किया है।
ट्यूब में डालकर छिपाई जाती है शराब
दरअसल, माफिया ट्यूब में डालकर शराब को मिट्टी और बालू की नीचे छिपा देते हैं। शराब छिपाने का काम इतनी सफाई से किया गया था कि आसानी से किसी को पता नहीं चलेगा। हालांकि, मद्य निषेध विभाग द्वारा ड्रोन कैमरे से की जा रही निगरानी के दौरान मामले का खुलासा हुआ। मजबूत और विशाल ट्यूब में डालकर शराब छिपाने का खेल चल रहा था।
पुलिस ने 450 लीटर देशी शराब जब्त की
सारण के उत्पाद अधीक्षक ने बताया कि ड्रोन कैमरे से लगातार शराब माफिया के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है। इसी दौरान दियारा क्षेत्र में बालू के नीचे ट्यूब में छिपाकर रखी गई शराब का पता चला। टीम ने यहां से तकरीबन 450 लीटर देशी शराब बरामद की। यही नहीं, 10 हजार क्विंटल जावा गुड़ को भी नष्ट किया गया। अपराधियों की भी पहचान कर ली गई है।