वॉशिंगटन ने पहले नई दिल्ली पर दबाव डाला था कि वह यूक्रेन में मॉस्को के युद्ध को लेकर दबाव बनाने के लिए रियायती खरीद में कटौती करे। मीडिया में जारी एक रिपोर्ट के मुताबिक मिडिल ईस्ट संकट के बीच भारत की US से मांग की है कि रूसी तेल खरीदने की समयसीमा बढ़ाई जा
मिडिल ईस्ट में हो रहे विवाद और भारत पर उसका पड़ते प्रभाव को देखते हुए आज प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी चुनाव वाले राज्यों को छोड़कर अन्य राज्यों के मुख्यमंत्रियों के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिये शाम में बातचीत करेंगे।
मिडिल ईस्ट में हो रहे विवादों के कारण भारत में पहले रसोई गैस की किल्लत देखने को मिली। उसके बाद तेल कंपनियों ने प्रीमियम पेट्रोल के दाम बढ़ाए और अब कोल्ड स्टोरेज में इस्तेमाल होने वाली अमोनिया गैस की कीमतों में भी बढ़ोतरी कर दी गई है।
मिडिल ईस्ट में चल रहे युद्ध का असर भारत में रसोई के बाद अब पेट्रोलियम उत्पादों पर भी देखने को मिलने लगी है।