द फॉलोअप डेस्क
सचिवालयों, संलग्न कार्यालयों और समहरणालयों में चतुर्थ वर्गीय पदों पर नियुक्ति के लिए राज्य मंत्रिपरिषद ने आज बहुद्देश्यीय कर्मी नियुक्ति सेवा शर्त नियमावली (एमपीएस) को मंजूरी प्रदान कर दी। इस तरह राज्य में चतुर्थ वर्गीय पदों पर नियुक्ति का मार्ग प्रशस्त हो गया है। उल्लेखनीय है कि पलामू में फोर्थ ग्रेड कर्मियों की नियुक्ति प्रक्रिया के दौरान उत्पन्न विवाद के बाद राज्य सरकार ने नयी नियुक्ति नियमावली बनने तक पूरे राज्य में नियुक्ति प्रक्रिया पर रोक लगा दी थी। नयी नियुक्ति नियमावली में यह भी स्पष्ट किया गया है कि न्यायालय के आदेश से जहां भी नियुक्ति प्रक्रिया जारी है, उस पर यह लागू नहीं होगा। अर्थात पलामू में चतुर्थ वर्गीय पदों पर होनेवाली नियुक्ति प्रक्रिया नयी नियुक्ति नियमावली से प्रभावित नहीं होगी। सुप्रीम कोर्ट के आदेश के आलोक में पलामू डीसी चतुर्थ वर्गीय पदों पर नियुक्ति प्रक्रिया को पूरा करेंगे।

जेएसएससी प्रतियोगी परीक्षा के माध्यम से चयन करेगा
चतुर्थ वर्गीय पदों पर नियुक्ति के लिए नयी नियमावली का नाम बहुद्देश्यीय कर्मी नियुक्ति एवं सेवा शर्त नाम दिया गया है। इस नियमावली के तहत किसी भी स्तर के चतुर्थ वर्गीय पदों पर नियुक्ति की जाएगी। प्रतियोगिता परीक्षा के न्यूनतम आहर्ता मैट्रिक पास है। संविदा, दैनिक मजदूर के रूप में पूर्व से लगातार काम करनेवाले अभ्यर्थी प्रति वर्ष के लिए 1.5 अंक का ग्रेस दिया जाएगा। लेकिन कम से कम पांच साल तक लगातार काम किए हुए अभ्यर्थी को ही इसका लाभ मिलेगा। ग्रेस अंक की अधिकतम सीमा 15 अंक होगी। अर्थात पांच साल काम करनेवाले को 7.5 और 10 साल से काम करने वाले को 15 अंक का ग्रेस मिलेगा। इसी तरह एक वर्ष काम करने वाले को एक वर्ष और आठ वर्ष काम करने वाले को आठ वर्ष की उम्र सीमा में छूट दी जाएगी। लेकिन यह अधिकतम 10 वर्ष होगी। साथ ही 50 वर्ष से अधिक उम्र के अभ्यर्थी को यह लाभ नहीं मिलेगा। प्रतियोगिता परीक्षा के माध्यम से नियुक्ति की जाएगी। प्रतियोगिता परीक्षा का आयोजन झारखंड कर्मचारी चयन आयोग करेगा।
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मेरिट कम च्वायस के आधार पर होगी नियुक्ति
नियमावली में मल्टी पर्पस स्टाफ के दो तरह के संवर्ग बनाए गए हैं। एक सचिवालय एवं संलग्न कार्यालय के लिए और दूसरा समहरणालयों के लिए। दोनों ही संवर्ग के लिए एक ही प्रतियोगिता परीक्षा होगी। लेकिन रिजल्ट का प्रकाशन मेरिट कम च्वायस के आधार पर होगा। मसलन किसी अभ्यर्थी ने अपना च्वायस रांची दिया है और उसे प्रतियोगी परीक्षा में नंबर भी ज्यादा आया है, तो उसकी नियुक्ति रांची में हो जाएगी। लेकिन च्वायस रांची है और नंबर कम है तो दूसरे जिले में उसकी नियुक्ति होगी। राज्य के किसी भी जिले का व्यक्ति दूसरे किसी भी जिले में नियुक्ति के लिए आवेदन कर सकेगा। प्रतियोगिता परीक्षा में बैठ सकेगा। चतुर्थ वर्गीय सारे पद प्रत्यर्पित कर पुनर्नामित किया जाएगा। इसका अर्थ यह है कि पूर्व से कार्यरत कर्मी मल्टी पर्पस स्टाफ कहलाएंगे। इसके अलावा राज्य में अगर चतुर्थ वर्गीय कर्मियों के लिए 1000 पद स्वीकृत हैं और उसके विरुद्ध 400 कर्मी कार्यरत हैं तो शेष 600 पदों पर जेएसएससी के माध्यम से नियुक्ति की प्रक्रिया पूरी की जाएगी।

वेतनमान और काम
मल्टी पर्पस स्टाफ का वेतनमान 5200-20200 एवं ग्रेड पे 1800 होगा। इसका काम कार्यालय खोलना, सामान्य स्वच्छता बनाए रखना, फाइल एवं दस्तावेज की निगरानी, आदेश वाहक का काम, फोटो कॉपी करना, बैंक और पोस्ट ऑफिस का काम करना, ड्राइविंग लाइसेंस रखने वाले से वाहन चलाना, पार्क, लाउन, पॉटेड प्लांट का रख रखाव आदि शामिल है।
