द फॉलोअफ डेस्क
श्रावणी मेले के पहले दिन देवघर में श्रद्धालुओं को आध्यात्मिकता और आधुनिक तकनीक का अनूठा संगम देखने को मिला। पर्यटन विभाग की ओर से शिवलोक परिसर में आयोजित भव्य ड्रोन शो ने बाबा बैद्यनाथ की महिमा को आसमान में जीवंत कर दिया। गुरुवार शाम करीब 7:30 बजे शुरू हुए इस शो में सैकड़ों ड्रोन ने रंग-बिरंगी रोशनी के साथ बाबा बैद्यनाथ मंदिर, द्वादश ज्योतिर्लिंग, श्रावणी मेले की परंपरा और देवघर के धार्मिक इतिहास की आकर्षक डिजिटल आकृतियां प्रस्तुत कीं। करीब 20 से 25 मिनट तक चले इस शो का नजारा लगभग पांच किलोमीटर के दायरे तक दिखाई दिया, जिसे देखने के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु और स्थानीय लोग जुटे।

आधुनिक तकनीक से धार्मिक विरासत को मिली नई पहचान
जिला प्रशासन का उद्देश्य केवल सुरक्षित जलार्पण कराना ही नहीं, बल्कि श्रद्धालुओं को देवघर प्रवास के दौरान यादगार अनुभव देना भी है। उपायुक्त सौरभ कुमार भुवानिया ने कहा कि आधुनिक तकनीक के माध्यम से धार्मिक विरासत को प्रस्तुत करने का यह प्रयास श्रद्धालुओं को नई अनुभूति देता है। इस अवसर पर प्रशासन के कई वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद रहे। श्रद्धालुओं ने ड्रोन शो को श्रावणी मेले का सबसे आकर्षक आयोजन बताया और "हर-हर महादेव" के जयघोष से पूरा शिवलोक परिसर गूंज उठा।

नई कतार व्यवस्था से आसान हुआ जलार्पण
श्रावणी मेले के पहले दिन बाबा बैद्यनाथ मंदिर में लागू नई कतार व्यवस्था का सकारात्मक असर भी देखने को मिला। पहले की तुलना में श्रद्धालुओं को कम समय में जलार्पण करने का अवसर मिला। मेले के पहले ही दिन कुल 74,987 श्रद्धालुओं ने बाबा बैद्यनाथ ज्योतिर्लिंग पर जल अर्पित कर पूजा-अर्चना की। प्रशासन ने इसे सफल शुरुआत बताते हुए आगे भी श्रद्धालुओं की सुविधा और सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देने की बात कही।