द फॉलोअप डेस्क
झारखंड राज्य गठन आंदोलन के महानायक और आदिवासी समाज के हक-अधिकारों के लिए आजीवन संघर्ष करने वाले स्वर्गीय शिबू सोरेन को आज मरणोपरांत देश के तीसरे सर्वोच्च नागरिक सम्मान ‘पद्म भूषण’ से सम्मानित किया गया। राष्ट्रपति भवन में आयोजित विशेष अलंकरण समारोह में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू उनके ऐतिहासिक योगदान को नमन करते हुए यह सम्मान दिया। केंद्र सरकार ने इस वर्ष गणतंत्र दिवस की पूर्व संध्या पर उनके नाम की घोषणा की थी। यह सम्मान उन्हें लोक कल्याण, सामाजिक न्याय और आदिवासी समाज के सशक्तीकरण के लिए किए गए उल्लेखनीय कार्यों के लिए दिया गया। शिबू सोरेन ने अपने लंबे राजनीतिक और सामाजिक जीवन में झारखंड अलग राज्य आंदोलन को नई धार दी और आदिवासियों, गरीबों तथा वंचित वर्गों की आवाज को राष्ट्रीय स्तर तक पहुंचाया। इस गौरवपूर्ण अवसर का साक्षी बनने के लिए शिबू सोरेन की पत्नी रूपी सोरेन और पुत्रवधू कल्पना सोरेन मौजूद रही। दिशोम गुरु की पत्नी रूपी सोरेन ने सम्मान ग्रहण किया। सम्मान मिलने के बाद झारखंड में खुशी और गर्व का माहौल है।
