पूर्वी सिंहभूम
Dhalbhumgarh News: झारखंड के पूर्वी सिंहभूम जिले के धालभूमगढ़ में अंधविश्वास और झाड़-फूंक के नाम पर दो सगी बहनों की बेरहमी से हत्या किए जाने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। आरोप है कि एक बीमार व्यक्ति ने अपनी ही दो सगी बहनों को झाड़-फूंक और पूजा-पाठ के बहाने घर बुलाया और फिर कुल्हाड़ी से हमला कर दोनों की जान ले ली। घटना रविवार देर रात धालभूमगढ़ थाना क्षेत्र की रावताड़ा पंचायत के बबाईदा गांव में हुई। मृतकों की पहचान बबाईदा निवासी लक्ष्मी मांडी (50) और घाटशिला के चड़ईगोड़ा निवासी दुलारी सोरेन (55) के रूप में हुई है। दोनों अपने बीमार भाई स्वरूप टुडू (45) की देखभाल के लिए गांव आई थीं। वारदात के बाद आरोपी ने घर के मुख्य दरवाजे पर ताला लगाया और करीब 15 किलोमीटर पैदल चलकर चक्कर थाना पहुंच गया, जहां उसने पुलिस के सामने आत्मसमर्पण कर दिया। घटना की जानकारी मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और घर का ताला तोड़कर दोनों शवों को बरामद किया। पुलिस ने घटनास्थल से हत्या में इस्तेमाल की गई कुल्हाड़ी भी बरामद कर ली है। फिलहाल हत्या के पीछे की वास्तविक वजह स्पष्ट नहीं हो पाई है और पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी है।

बीमार भाई की देखभाल के लिए आई थीं दोनों बहनें
जानकारी के अनुसार, स्वरूप टुडू लंबे समय से बीमार चल रहा था। उसकी पत्नी करीब ढाई वर्ष पहले उसे छोड़कर चली गई थी। इसके बाद से वह घर में अकेला रहता था। बीमारी के कारण उसकी देखभाल के लिए उसकी दोनों बहनें लक्ष्मी मांडी और दुलारी सोरेन बबाईदा गांव आई थीं। परिजनों के अनुसार, दोनों बहनें अपने बीमार भाई की देखभाल कर रही थीं। इसी बीच रविवार को स्वरूप ने कथित तौर पर बीमारी और झाड़-फूंक के नाम पर दोनों को घर बुलाया था। बताया जाता है कि रविवार शाम एक ओझा भी गांव पहुंचा था। इसके बाद घर में पूजा-पाठ किए जाने के निशान भी मिले हैं।
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रात में हुआ विवाद, कुल्हाड़ी से हमला कर दोनों की हत्या
बताया जा रहा है कि रविवार देर रात किसी बात को लेकर स्वरूप टुडू और उसकी दोनों बहनों के बीच विवाद हो गया। विवाद के बाद आरोपी ने कथित तौर पर कुल्हाड़ी से दोनों पर हमला कर दिया, जिससे उनकी मौत हो गई। हालांकि, विवाद किस बात को लेकर हुआ और हत्या के पीछे वास्तविक वजह क्या थी, इसका अब तक खुलासा नहीं हो पाया है। पुलिस इस बिंदु पर भी जांच कर रही है कि झाड़-फूंक और पूजा-पाठ का इस घटना से क्या संबंध था।
घर में ताला लगाकर निकला आरोपी, पैदल पहुंचा थाने
दोनों बहनों की हत्या करने के बाद आरोपी ने घर के मुख्य दरवाजे पर ताला लगा दिया और वहां से निकल गया। इसके बाद वह करीब 15 किलोमीटर पैदल चलकर चक्कर थाना पहुंचा और पुलिस के सामने आत्मसमर्पण कर दिया। आरोपी के थाने पहुंचने के बाद मामले की जानकारी पुलिस तक पहुंची। सूचना मिलने पर धालभूमगढ़ थाना की पुलिस भी घटनास्थल पर पहुंची और जांच शुरू की।
घर के अंदर खून से लथपथ मिले दोनों शव
पुलिस ने बबाईदा गांव स्थित घर का ताला तोड़कर अंदर प्रवेश किया, जहां दोनों बहनों के शव खून से लथपथ पड़े मिले। घटनास्थल से हत्या में इस्तेमाल की गई कुल्हाड़ी बरामद की गई है। पुलिस ने दोनों शवों को कब्जे में लेकर आगे की कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी है। घटनास्थल पर पूजा-पाठ के निशान मिलने के बाद पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच कर रही है।
पुलिस की पूछताछ जारी, हत्या की वजह अब भी स्पष्ट नहीं
पुलिस के अनुसार, आरोपी को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। उसने कथित तौर पर हत्या की बात स्वीकार की है। हालांकि, केवल आरोपी के बयान के आधार पर हत्या के पीछे की पूरी वजह स्पष्ट नहीं मानी जा सकती। पुलिस विवाद की वजह, झाड़-फूंक की भूमिका और घटना से जुड़े अन्य पहलुओं की पड़ताल कर रही है। जांच पूरी होने के बाद ही वारदात के वास्तविक कारणों का खुलासा हो सकेगा।