गिरिडीह:
गिरिडीह में युवती ने अपने जीजा के साथ मिलकर मंगेतर की हत्या कर दी। घटना जमुआ थानाक्षेत्र की है जहां नीरज हाजरा मिसिंग केस जघन्य हत्याकांड के रूप में सामने आया। पुलिस ने नीरज हाजरा की हत्या मामले में उसकी मंगेतर उर्मिला कुमारी और सुभाष पासवान उर्फ राजदेव हाजरा को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने बताया कि उर्मिला का प्रेम-संबंध अपने जीजा सुभाष पासवान के साथ था। हाल ही में घरवालों ने उर्मिला की शादी नीरज हाजरा से तय की थी, जो उसे स्वीकार नहीं था। ऐसे में उर्मिला ने जीजा सुभाष के साथ मिलकर नीरज को रास्ते से हटाने का प्लान बनाया और उसकी हत्या कर शव को बेला जंगल में फेंक दिया।

5 जुलाई को दर्ज कराया था गुमशुदगी का केस
पुलिस ने बताया कि बीते 5 जुलाई को जमुआ चौक निवासी शुभम हाजरा ने अपने 20 वर्षीय बेटे नीरज हाजरा की गुमशुदगी की शिकायत दर्ज कराई थी। हालांकि, 8 जुलाई को घरवालों ने नीरज हाजरा के अपहरण की आशंका जताई तो पुलिस ने संबंधित धाराओं में केस दर्ज कर छानबीन शुरू की। एसपी के निर्देश पर खोरीमहुआ एसडीपीओ अमरेंद्र कुमार के नेतृत्व में विशेष छापेमारी दल का गठन किया गया। छानबीन के क्रम में जमुई जिले के बिचकोडवा थानाक्षेत्र अंतर्गत बेला जंगल से एक अज्ञात शव मिला, जिसकी पहचान बाद में नीरज हाजरा के रूप में हुई।

नीरज से पीछा छुड़ाना चाहती थी उर्मिला कुमारी
पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों और मानवीय स्त्रोतों से मिली जानकारी के आधार पर नीरज हाजरा की मंगेतर उर्मिला कुमारी औ उसके जीजा सुभाष पासवान को गिरफ्तार कर लिया। आरोपियों ने पुलिस को बताया कि उर्मिला, नीरज से शादी नहीं करना चाहती थी, लेकिन वह परिवार को यह बताने की हिम्मत भी नहीं जुटा पाई कि जीजा सुभाष के साथ उसका प्रेम-संबंध है। शादी से बचने के लिए उर्मिला ने नीरज को ही रास्ते से हटाने का प्लान बनाया और मौका मिलते ही नीरज की चाकू मारकर हत्या कर दी। पुलिस ने हत्या में प्रयुक्त होंडा स्कूटी और 2 चाकू बरामद कर लिया है। पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि इस हत्याकांड को अंजाम कैसे दिया गया।