द फॉलोअप डेस्क
झारखंड की राजधानी रांची से एक बड़ा मामला सामने आया है, जहां एक कोचिंग संस्थान के लोगों पर धोखाधड़ी का केस दर्ज किया गया है। मिली जानकारी के अनुसार, लालपुर के हरिओम टावर में स्थित FIITJEE के चेयरमैन डीके गोयल, CEO मनीष आनंद और CFO राजीव बब्बर पर 98,900 रुपए ठगी का आरोप लगाया गया है। इस संबंध में लालपुर थाना में शिकायत की गई है। यह आरोप मधुकम साईं बिहार कॉलोनी के रहने वाले जगदीश गुप्ता ने लगाए हैं।
क्या है शिकायतकर्ता का आरोप
इस मामले में शिकायतकर्ता जगदीश ने पुलिस को जानकारी दी कि FIITJEE ने उनसे बेटे के एडमिशन के नाम पर फीस के पैसे लिये। लेकिन अचानक इंस्टीट्यूट को बंद कर दिया गया। जगदीश ने बताया कि अक्टूबर 2024 में उन्होंने अपने पुत्र शुभंक राज का एडमिशन FIITJEE इंस्टीट्यूट में सत्र 2025-27 के लिए कराया था। इस दौरान शिकायतकर्ता के पुत्र ने 47,600 रुपये फीस का ऑनलाइन भुगतान किया था। जबकि बाद में 51,300 रुपये का चेक दिया था, जो 12 दिसंबर 2024 को क्लियर हो गया। इसके बाद बचे 8 पोस्ट डेटेड चेक अप्रैल 2025, जुलाई 2025, अप्रैल 2026 और जुलाई 2026 की तारीख में दिये गये थे, जो सभी अभी भी FIITJEE कोचिंग इंस्टीट्यूट के पास ही हैं।SBI से किया भुगतान रोकने का आग्रह
लेकिन हाल ही में कुछ दिनों पहले जगदीश को सूचना मिली कि FIITJEE संस्थान को बिना किसी पूर्व जानकारी के अचानक ही बंद कर दिया गया है। साथ ही आने वाले समय में भी इंस्टीट्यूट के खुलने के आसार नहीं हैं। इस पर उन्होंने सभी चेक को SBI में आवेदन देकर भुगतान रोकने का आग्रह किया था।
FIITJEE ने किया बच्चों के भविष्य से खिलवाड़
शिकायतकर्ता जगदीश ने बताया कि FIITJEE के कारण उनके ही तरह कई अभिभावकों और उनके बच्चों का भविष्य खतरे में पड़ गया है क्योंकि बोर्ड और JEE की परीक्षा के समय संस्थान को अचानक बंद कर दिया गया। इंस्टीट्यूट का यह एक्शन बच्चों की जिंदगी के साथ खिलवाड़ करने वाला है। जगदीश ने आरोप लगाया कि कोचिंग इंस्टीट्यूट के लोगों ने पहले साजिश के तहत धोखाधड़ी कर फीस के रूप में अभिभावकों से पैसे लिए। फिर फीस की राशि का गबन कर कोचिंग को बंद कर दिया।