रांची
अखिल भारतीय जायसवाल सर्ववर्गीय महासभा के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष एवं झारखंड प्रदेश अध्यक्ष सुनील जायसवाल ने झारखंड स्टेट गेस्ट हाउस में आयोजित राष्ट्रीय पिछड़ा वर्ग आयोग की जनसुनवाई में जायसवाल, कलवार, ब्याहुत और भगत जातियों को केंद्रीय ओबीसी सूची में शामिल करने की मांग प्रमुखता से उठाई।
सुनील जायसवाल ने आयोग के अध्यक्ष हंसराज अहीर के समक्ष कहा कि इन जातियों को हाल ही में राष्ट्रीय अति पिछड़ा वर्ग की सूची से बाहर कर दिया गया है, जिससे केंद्र स्तर पर नियोजन, दाखिला और अन्य योजनाओं का लाभ नहीं मिल पा रहा है। यह न केवल अन्यायपूर्ण है, बल्कि समाज के साथ भेदभाव भी है। उन्होंने बताया कि राज्य पिछड़ा वर्ग आयोग की सूची में इन जातियों के नाम दर्ज हैं, इसलिए केंद्र सरकार की सूची में भी इन्हें शामिल किया जाना चाहिए।

उन्होंने आग्रह किया कि राष्ट्रीय पिछड़ा वर्ग आयोग की सूची में जायसवाल, ब्याहुत, भगत और कलवार जातियों को पुनः स्थान मिले, जिससे समाज के युवाओं को केंद्र सरकार की नौकरियों, शिक्षण संस्थानों में दाखिला और जनकल्याणकारी योजनाओं का समुचित लाभ मिल सके।
इस जनसुनवाई में पूरे राज्य से पहुंचे समाज के प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व सुनील जायसवाल ने किया। उनके साथ महेंद्र जायसवाल, पारस जायसवाल, अमिश जायसवाल, उदय जायसवाल और जायसवाल बिजनेस एसोसिएशन से प्रभात रंजन सहित कई प्रतिनिधि उपस्थित थे।
