रांची
जेपीएससी और जेएसएससी परीक्षा रद्द करने की मांग को लेकर चल रहे छात्रों के आंदोलन को लेकर रांची महानगर कांग्रेस कमिटी के अध्यक्ष डॉ. कुमार राजा ने भाजपा पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने आरोप लगाया कि छात्रों के शांतिपूर्ण आंदोलन को भाजपा ने राजनीतिक रंग देने की कोशिश की और अपने कार्यकर्ताओं को प्रदर्शन में भेजकर माहौल को हिंसक बनाया।
डॉ. कुमार राजा ने कहा कि विधानसभा घेराव और प्रदर्शन के दौरान जिस तरह पुलिस पर पथराव, पुलिसकर्मियों के साथ टकराव तथा वाहनों को क्षतिग्रस्त करने की घटनाएं सामने आईं, उससे स्पष्ट है कि आंदोलन को सुनियोजित तरीके से उग्र बनाने का प्रयास किया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा छात्रों के मुद्दे की आड़ में राजनीतिक जमीन तलाश रही है और युवाओं के भविष्य से जुड़े सवाल को हिंसा और अराजकता की ओर मोड़ना चाहती है।

दूसरे प्रदेशों से लोगों को बुलाकर प्रदर्शन में उपद्रव फैलाने की कोशिश
कांग्रेस नेता ने भाजपा नेताओं पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि दूसरे प्रदेशों से लोगों को बुलाकर प्रदर्शन में उपद्रव फैलाने की कोशिश की गई। उन्होंने कहा कि यदि किसी राजनीतिक दल को छात्रों की समस्याओं की वास्तव में चिंता है तो उसे हिंसा का सहारा लेने के बजाय सरकार और संबंधित संस्थाओं के समक्ष मजबूती से छात्रों की मांग उठानी चाहिए। डॉ. कुमार राजा ने कहा, “छात्रों के भविष्य के सवाल पर राजनीति करने के बजाय भाजपा को यह बताना चाहिए कि वह आंदोलन को हिंसक बनाने वालों के खिलाफ क्या कार्रवाई करेगी। छात्रों के कंधे पर बंदूक रखकर राजनीतिक निशाना साधने की कोशिश बर्दाश्त नहीं की जाएगी।”

छात्रों की चिंताओं और मांगों पर गंभीरता से विचार होना चाहिए
उन्होंने कहा कि जेपीएससी और जेएसएससी परीक्षाओं को लेकर छात्रों की चिंताओं और मांगों पर गंभीरता से विचार होना चाहिए, लेकिन किसी भी आंदोलन को हिंसा, तोड़फोड़ और सार्वजनिक संपत्ति के नुकसान का माध्यम नहीं बनने दिया जा सकता। भाजपा पर पलटवार करते हुए डॉ. कुमार राजा ने कहा कि छात्र अपने अधिकार और भविष्य के लिए सड़क पर हैं, लेकिन भाजपा उनके आंदोलन को अपने राजनीतिक एजेंडे का मंच बनाने में जुटी है। छात्रों के नाम पर उपद्रव और हिंसा की राजनीति झारखंड की जनता स्वीकार नहीं करेगी।
