द फॉलोअप, रांची
रवि कुमार यादव उर्फ रवि पीटर ने झारखंड में होने जा रहे राज्यसभा चुनाव के लिए पहला नामांकन पत्र खरीदा है। मूल रूप से पलामू के रहनेवाले रवि पीटर रांची के कुसई कॉलोनी में रहते हैं। झारखंड उलगुलान मोर्चा के बैनर तले सामाजिक समस्याओं के लिए संघर्षरत हैं। वह आजसू(बेसरा) के केंद्रीय अध्यक्ष भी हैं। नामांकन पत्र खरीदने के बाद द फॉलोअप ने उनसे चुनाव को लेकर कई बिंदुओं पर बातचीत की। उनसे पूछा कि नामांकन पत्र तो आपने खरीद लिया, अब उसे भरेंगे कैसे, क्योंकि प्रस्तावक के रूप में 10 विधायकों का समर्थन चाहिए। रवि पीटर का कहना है कि उन्होंने आधा दर्जन विधायकों से बातचीत की है। समर्थन की मांग की है। वह जल, जंगल, जमीन की लड़ाई लड़ते रहे हैं। विधायकों से आग्रह किया है कि धनकुबेरों की जगह इस बार एक संघर्षशील नौजवान का साथ दें। उन्हें पूरा भरोसा है कि 10 विधायकों का उन्हें समर्थन प्राप्त हो जाएगा। वह पिछले 26 वर्षों से हो रहे राज्यसभा चुनाव की परिपाटी को बदलने में कामयाब होंगे।

किन राजनीतिक दलों के नेताओं और विधायकों से उनकी बातचीत हुई है, इस सवाल के जवाब में रवि पीटर ने कहा कि वह भाजपा कार्यालय भी गए थे। अन्य दलों के नेताओं से भी उनकी बातचीत जारी है। उनके पास पैसा नहीं है, लेकिन वह पैसे के लेन-देन में विश्वास ही नहीं करते। उनकी मंशा और उद्देश्य राज्य के नेताओं, विधायकों और आम जनता के बीच एक मेसेज देना है। उन्हें बताना है कि जल, जंगल और जमीन के लिए संघर्ष करने वाले इस युवक को साथ मिला तो झारखंड की राजनीति में अप्रत्याशित बदलाव आ सकती है। झारखंड का भला हो सकता है। पैसे के बल पर चुनाव जीतने वालों को करारा तमाचा लग सकता है।
