logo

CBSE सिलेबस में मैथिली शामिल, बिहार के मुख्यमंत्री ने किया फैसले का स्वागत

WhatsApp_Image_2026-05-25_at_5_47_27_PM.jpeg

पटना 
बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) के फैसले का स्वागत किया है, जिसमें 2026-27 शैक्षणिक सत्र से कक्षा 1 से माध्यमिक स्तर तक मैथिली भाषा को मातृभाषा विषय के रूप में शामिल किया गया है। यह कदम राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) 2020 के तहत भारतीय भाषाओं को बढ़ावा देने की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है। आपको बता दे कि मैथिली एक प्राचीन इंडो-आर्यन भाषा है, जो मुख्य रूप से बिहार के मिथिला क्षेत्र (दरभंगा, मधुबनी, समस्तीपुर आदि) और नेपाल के तराई इलाके में बोली जाती है। इसकी खास बात यह है कि मैथिली अपनी मिठास और आदरसूचक शब्दों के लिए जानी जाती है।

 


मुख्यमंत्री का स्वागत
मुख्यमंत्री सम्राट ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर इस फैसले को ऐतिहासिक और स्वागतयोग्य बताया। उन्होंने लिखा कि यह निर्णय मिथिला की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत और मातृभाषा मैथिली को शिक्षा व्यवस्था में सशक्त स्थान दिलाएगा। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारतीय भाषाओं, संस्कृति और परंपराओं के संरक्षण के प्रयासों की सराहना की। 
केंद्रीय मंत्री का पत्र
केंद्रीय मंत्री जयंत चौधरी के पत्र के माध्यम से यह जानकारी मिली है। CBSE ने मैथिली को माध्यमिक स्तर कक्षा 9-10 के लिए शामिल किया है, जिसमें सिलेबस पहले ही अकादमिक पोर्टल पर उपलब्ध करा दिया गया है। यह NEP 2020 की तीन भाषा नीति के अनुरूप है, जिसमें कम से कम दो भारतीय भाषाओं को अनिवार्य किया गया है। 
भोजपुरी, मगही और अंगिका समर्थकों की उठी मांग
मैथिली भाषा मिथिलांचल की सांस्कृतिक अस्मिता का प्रतीक है। इसकी शामिली से आने वाली पीढ़ियां अपनी जड़ों, संस्कृति और मातृभाषा से बेहतर तरीके से जुड़ सकेंगी। यह कदम मिथिला क्षेत्र के छात्रों के लिए नई पहचान और सम्मान का विषय बन गया है। इस फैसले पर बिहार के विभिन्न क्षेत्रों से प्रतिक्रियाएं आई हैं। भोजपुरी, मगही, अंगिका और अन्य स्थानीय भाषाओं के समर्थकों ने राज्य स्तर पर इन्हें भी समान मान्यता देने की मांग की है, ताकि बिहार बोर्ड के छात्रों को भी अपनी मातृभाषा चुनने का विकल्प मिल सके।यह फैसला न केवल मैथिली भाषा को मजबूती देगा बल्कि समग्र रूप से भारतीय भाषाई विविधता के संरक्षण में योगदान देगा।

 

Tags - CM SAMRAT CHAUDHARY BIHAR NEWSMAITHALI LANGUAGE EXCLUSICVE NEWS