बिहार
मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने शुक्रवार को 7 सर्कुलर रोड पहुंचकर पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से मुलाकात की। लगभग आधे घंटे तक चली इस बैठक में जेडीयू के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष संजय झा भी मौजूद रहे। बिहार के मौजूदा राजनीतिक और प्रशासनिक परिदृश्य के बीच हुई इस मुलाकात को काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। य मुलाकात काफी चर्चा का विषय भी माना जा रहा है। मिली जानकारी के अनुसार, मुख्यमंत्री सम्राट ने नीतीश कुमार को पिछले एक सप्ताह के दौरान राज्य में हुए राजनीतिक और प्रशासनिक घटनाक्रम की विस्तृत जानकारी दी। इसके साथ ही सरकार की आगामी कार्ययोजना और भविष्य की रणनीति पर भी चर्चा की गई।
15 अगस्त की संभावित घोषणाओं पर हुई चर्चा
जानकारी के मुताबिक, स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी कुछ महत्वपूर्ण घोषणाएं कर सकते हैं। बैठक के दौरान उन्होंने इन प्रस्तावित घोषणाओं और सरकार की आगामी योजनाओं से जुड़े बिंदुओं से नीतीश कुमार को अवगत कराया। माना जा रहा है कि 15 अगस्त के संबोधन में विकास और जनकल्याण से जुड़े कई अहम फैसलों का ऐलान किया जा सकता है। इन संभावित घोषणाओं को लेकर भी दोनों नेताओं के बीच विस्तार से चर्चा हुई।
विकास कार्यों और सरकार की प्राथमिकताओं पर मंथन
बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने राज्य में पिछले एक सप्ताह में हुए प्रमुख विकास कार्यों और सरकार की गतिविधियों की भी जानकारी साझा की। साथ ही प्रशासनिक निर्णयों, सरकार की प्राथमिकताओं और आने वाले दिनों की योजनाओं को लेकर भी विचार-विमर्श हुआ। राजनीतिक दृष्टि से जेडीयू के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष संजय झा की बैठक में मौजूदगी को भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
भरत तिवारी के परिजनों को राहत देने के फैसले पर चर्चा
वहीं बैठक में भरत तिवारी के परिजनों को सरकारी नौकरी और आर्थिक मुआवजा देने के निर्णय पर भी चर्चा हुई। सरकार की ओर से इसे पीड़ित परिवार को राहत पहुंचाने की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है। इस निर्णय के क्रियान्वयन के लिए संबंधित विभाग आगे की प्रक्रिया पूरी करेंगे। गौरतलब है कि कुछ दिन पहले मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने सोशल मीडिया के माध्यम से भरत तिवारी एनकाउंटर मामले में जानकारी देते हुए कहा था कि न्यायिक जांच की अंतरिम रिपोर्ट के आधार पर बिहार सरकार दिवंगत भरत तिवारी के परिवार को आर्थिक सहायता देने के साथ एक परिजन को सरकारी नौकरी भी उपलब्ध कराएगी।
मुलाकात के राजनीतिक संकेत भी अहम
सम्राट चौधरी और नीतीश कुमार की यह मुलाकात ऐसे समय हुई है, जब 15 अगस्त को मुख्यमंत्री की ओर से संभावित बड़ी घोषणाओं को लेकर राजनीतिक हलकों में चर्चाएं तेज हैं। करीब 30 मिनट तक चली इस बैठक में विकास, प्रशासन, जनहित और सरकार के आगामी कार्यक्रमों को लेकर विस्तार से चर्चा हुई। अब सभी की नजरें मुख्यमंत्री के स्वतंत्रता दिवस संबोधन पर टिकी हैं, जहां इन प्रस्तावित घोषणाओं का औपचारिक ऐलान होने की संभावना जताई जा रही है।.jpeg)
राज्यसभा मानसून सत्र से लौटने के बाद पहली मुलाकात
राज्यसभा सांसद बनने के बाद नीतीश कुमार पहली बार संसद के मानसून सत्र में भाग लेने के लिए दिल्ली गए थे। गुरुवार को उन्होंने राज्यसभा की कार्यवाही में हिस्सा लिया और उसके बाद बिहार लौट आए। दिल्ली से लौटने के अगले ही दिन मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के साथ उनकी करीब आधे घंटे तक चली बैठक को राजनीतिक दृष्टि से बेहद अहम माना जा रहा है। इस दौरान संसद के मानसून सत्र में उठे विभिन्न मुद्दों के अलावा बिहार से जुड़े महत्वपूर्ण राजनीतिक और प्रशासनिक विषयों पर भी चर्चा हुई। वहीं 15 अगस्त को मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी द्वारा की जाने वाली संभावित बड़ी घोषणाओं की जानकारी भी नीतीश कुमार को दी गई। बैठक में जेडीयू के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष संजय झा की मौजूदगी ने भी इस मुलाकात के राजनीतिक महत्व को और बढ़ा दिया गया है। अब इंतज़ार है कल का मुख्यमंत्री की घोषणा का