गुमला जिले के कोयनारा गांव में एक उदाहरण सामने आया है, जो यह दर्शाता है कि इच्छाशक्ति, तकनीकी ज्ञान और सरकारी योजनाओं के प्रभावी उपयोग से खेती को समृद्धि का सशक्त माध्यम बनाया जा सकता है।