उत्तर प्रदेश
मंडप में पंडित ने दूल्हे से उसका गोत्र पूछा तो नहीं बताने पर हुआ बवाल। आज की खबर कुछ ऐसी है, जो आपके अंदर 440 वोल्ट का झटका उत्पन्न कर देगी। बांदा और भदोही जिलों से अजीबोगरीब और हैरान करने वाली खबर सामने आई है। जहाँ इटावा की रहने वाली एक युवती का रिश्ता बांदा निवासी प्रभु नाम के युवक से तय हुआ था। दोनों परिवार सूरत में रहते थे, जहाँ खुद को ब्राह्मण (पाठक) बताकर लड़के वालों ने रिश्ता पक्का किया था। मंगलवार को बारात जसपुरा पहुँची। द्वारचार और जयमाल की रस्में भी खुशी-खुशी पूरी हुईं। असली ड्रामा तब शुरू हुआ, जब पंडित ने दूल्हे से उसका गोत्र पूछा, तो वह खामोश हो गया। लेकिन दूल्हे साहब तो मानो मौन धारण किए हुए थे। उनसे बार-बार पूछने के बावजूद जवाब नहीं मिला, तो लड़की वालों को शक हुआ। जांच करने पर पता चला कि दूल्हा ब्राह्मण नहीं, बल्कि निषाद समाज से था। इस धोखे से शादी में हंगामा मच गया। दुल्हन की माँ सदमे के कारण अस्पताल पहुँच गईं। पुलिस की मौजूदगी में घंटों तक पंचायत चली, लेकिन दुल्हन ने शादी से इनकार कर दिया और बारात बैरंग लौट गई। दूसरी घटना भदोही के औराई क्षेत्र की है, जहाँ dूल्हे की एक हरकत ने उसे बिना दुल्हन के घर लौटने पर मजबूर कर दिया।
जयमाल पर हुआ हाई वोल्टेज ड्रामा:
ज्ञानपुर से आई बारात का स्वागत बड़े धूमधाम से हुआ। रस्मों के बीच ही लोगों को दूल्हे का व्यवहार कुछ अलग लग रहा था। लेकिन हद तब हो गई जब जयमाल के लिए दूल्हा-दुल्हन मंच पर आए। दुल्हन ने जैसे ही दूल्हे के गले में वरमाला डाली, दूल्हे ने झटके से माला उतारकर फेंक दी और खुद से ही कुछ बड़बड़ाने लगा।
दुल्हन का साहसी फैसला:
दूल्हे की इस बदतमीजी और असामान्य व्यवहार को देख दुल्हन ने तुरंत शादी करने से मना कर दिया। उसने साफ कहा कि जो व्यक्ति शादी की गरिमा नहीं समझ सकता, उसके साथ जीवन नहीं बिताया जा सकता। काफी मान-मनौव्वल और पुलिस की मौजूदगी में हुई पंचायत के बाद, दोनों पक्षों के बीच आपसी सहमति से रिश्ता खत्म किया गया।