हजारीबाग
लोकनायक जयप्रकाश नारायण केंद्रीय जेल, हजारीबाग में पुलिस अधीक्षक के नेतृत्व में बुधवार को औचक छापेमारी अभियान चलाया गया। दंडाधिकारी एवं जिले के वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों की मौजूदगी में हुई इस कार्रवाई का उद्देश्य जेल की सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा करना, प्रतिबंधित वस्तुओं और नशीले पदार्थों की तस्करी पर रोक लगाना तथा संगठित अपराध से जुड़ी गतिविधियों पर प्रभावी नियंत्रण सुनिश्चित करना था।
बैरकों और सुरक्षा व्यवस्था का किया गया गहन निरीक्षण
छापेमारी के दौरान जेल परिसर की विभिन्न बैरकों, सुरक्षा व्यवस्था और अन्य संवेदनशील स्थानों का गहन निरीक्षण किया गया। इसके बाद पुलिस अधीक्षक ने कारागार प्रशासन और तैनात पुलिस अधिकारियों के साथ बैठक कर सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक मजबूत बनाने, जेल को अपराध संचालन का माध्यम बनने से रोकने तथा बंदियों के लिए सुरक्षित, अनुशासित और सुधारोन्मुख वातावरण बनाए रखने पर विस्तार से चर्चा की।
गैरकानूनी गतिविधियों पर रहेगी कड़ी नजर
पुलिस अधीक्षक ने स्पष्ट किया कि कारागार के भीतर किसी भी प्रकार की गैरकानूनी गतिविधि या प्रतिबंधित सामग्री की मौजूदगी किसी भी हाल में बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा कि भविष्य में भी इसी तरह के औचक निरीक्षण और छापेमारी अभियान नियमित रूप से जारी रहेंगे, ताकि जेल की सुरक्षा व्यवस्था पूरी तरह सुदृढ़ बनी रहे और कानून-व्यवस्था को चुनौती देने वाले तत्वों पर प्रभावी अंकुश लगाया जा सके।