द फॉलोअप डेस्क, रांचीः
रांची जिले के सिल्ली प्रखंड के मारदू गांव में नाबालिग बच्ची के साथ कथित दुष्कर्म और हत्या की घटना के बाद पूरे इलाके में आक्रोश और भय का माहौल है। दुर्गा पूजा की अष्टमी के पावन अवसर पर सामने आई इस घटना ने लोगों को झकझोर कर रख दिया है। घटना की जानकारी मिलने के बाद JLKM के केंद्रीय वरीय उपाध्यक्ष और आंदोलनकारी नेता देवेंद्र नाथ महतो 18 अक्टूबर को मारदू गांव पहुंचे। उन्होंने घटनास्थल का जायजा लिया और मामले में दोषियों के खिलाफ कठोरतम कार्रवाई की मांग की। देवेंद्र नाथ महतो ने घटनास्थल का निरीक्षण करने के बाद जांच की प्रक्रिया और साक्ष्य जुटाने को लेकर प्रशासन के सामने अपनी मांगें रखीं। उनके अनुसार, घटनास्थल पर फॉरेंसिक और तकनीकी जांच दल पहुंचा। खोजी कुत्ते की मदद से भी जांच की गई और आवश्यक साक्ष्य एवं नमूने एकत्र किए गए। प्रशासन ने रात करीब 12:30 से एक बजे के बीच शव को घटनास्थल से उठाकर पोस्टमार्टम के लिए रिम्स, रांची भेजा।

कक्षा 11वीं की छात्रा थी मृत बच्ची
देवेंद्र नाथ महतो ने बताया कि मृत बच्ची की उम्र करीब 17 वर्ष 9 महीने थी और वह कक्षा 11वीं में पढ़ती थी। ग्रामीणों के अनुसार, बच्ची सरल स्वभाव की थी और पढ़ाई-लिखाई पर विशेष ध्यान देती थी। उन्होंने कहा कि ऐसी बच्ची के साथ हुई घटना बेहद दुखद, निंदनीय और चिंताजनक है। इस मामले में निष्पक्ष जांच कर सच्चाई सामने लाना और पीड़ित परिवार को न्याय दिलाना बेहद जरूरी है। देवेंद्र नाथ महतो ने कहा कि इस घटना से पूरे क्षेत्र में दहशत व्याप्त है। ग्रामीण महिलाएं खेतों में जाने, बाड़ी में काम करने और घर से बाहर निकलने में भी डर महसूस कर रही हैं। उन्होंने कहा कि इस तरह की घटना कानून-व्यवस्था को लेकर गंभीर सवाल खड़े करती है। लोगों के मन से भय दूर करने और क्षेत्र में सुरक्षा का माहौल बहाल करने के लिए प्रशासन को प्रभावी कदम उठाने चाहिए।

साक्ष्य जुटाने के बाद ही शव हटाने की मांग
देवेंद्र नाथ महतो ने बताया कि घटनास्थल पर पहुंचने के बाद उन्होंने प्रशासन से कहा था कि शव को वहां से हटाने से पहले सभी जरूरी वैज्ञानिक और फॉरेंसिक साक्ष्य सावधानीपूर्वक जुटाए जाएं। घटनास्थल की वीडियोग्राफी कराई जाए और पूरे इलाके की घेराबंदी कर उसे चिह्नित किया जाए, ताकि जांच के दौरान कोई महत्वपूर्ण साक्ष्य नष्ट न हो। इसके बाद उन्होंने वरीय पुलिस पदाधिकारियों से फोन पर बातचीत कर मामले की जांच को लेकर कई मांगें रखीं।