बिहार
मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने बिहार के सरकारी कर्मचारियों को सख्त निर्देश दिया है। राज्य के कर्मियों को समय पर कार्यालय पहुंचना अनिवार्य होगा। इसकी जानकारी देते हुए मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत ने बताया कि इसकी अवहेलना करने पर कार्रवाई की जाएगी, साथ ही वेतन में कटौती भी हो सकती है। सरकार ने यह निर्णय कर्मियों की कार्यशैली में सुधार लाने के लिए लिया है।

बायोमेट्रिक अनिवार्य
कई बार देखा जाता है कि कर्मी कार्यालय देर से पहुंचते हैं और काम को भी कई बार सिरियसली नहीं लेते। कार्यालय पहुंचकर सबसे पहले कर्मचारियों को अपनी उपस्थिति बायोमेट्रिक तरीके से दर्ज करानी होगी। जारी निर्देश के मुताबिक, राज्य के सरकारी दफ्तरों का सामान्य कार्य समय सुबह 9:30 बजे से शाम 6 बजे तक तय किया गया है। दोपहर 1 बजे से 2 बजे तक लंच ब्रेक निर्धारित रहेगा। वहीं महिला कर्मियों को पुरुषों के मुकाबले थोड़ी राहत दी गई है। महिलाओं को शाम 5 बजे तक ही कार्यालय में रहना होगा। वहीं कुछ क्षेत्रीय कार्यालयों के लिए कार्य अवधि सुबह 10 बजे से शाम 5 बजे तक निर्धारित है।

सख्ती से पालन करने का निर्देश
हालांकि मौसम को देखते हुए कार्य समय में आंशिक बदलाव किए जाने का भी प्रावधान है। सरकार ने सभी विभागों, जिलाधिकारियों और पुलिस मुख्यालय को सख्ती से पालन करने का आदेश दिया है। सरकार ने कड़ा रुख अपनाते हुए कहा कि इस दौरान किसी भी प्रकार की लापरवाही बख्सी नहीं जाएगी। लापरवाही करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।