शंकरपुर/भागलपुर:
गंगा नदी का बढ़ा हुआ जलस्तर अपने साथ कटाव की समस्या लाया है। भागलपुर जिला के शंकरपुर में रेलवे लाइन के समीप स्थित 2 मंदिर गंगा नदी में समा गए। चैती दुर्गा मंदिर और बजरंगबली मंदिर के कटाव की भेंट चढ़ जाने के बाद ग्रामीणों को घर और परिवार की सुरक्षा की चिंता सताने लगी है। शकंरपुर में गंगा नदी के किनारे की जमीन बाढ़ की चपेट में आ रही है। जिस रफ्तार से कटाव हो रहा है, उसके मद्देनजर ग्रामीण अपना जरूरी सामान समेटकर सुरक्षित स्थानों की ओर जा रहे हैं। ग्रामीणों का प्रयास है कि पहले महिलाओं, बुजुर्गों और बच्चों को सुरक्षित जगहों पर भेजा जाये। यहां अस्थायी पलायन की स्थिति बन रही है।

ग्रामीणों के घरों पर मंडराया खतरा
ग्रामीणों का कहना है कि अगर कटाव इसी रफ्तार से जारी रहा तो आने वाले समय में कई और घर इसकी चपेट में आ सकते हैं। नदी के लगातार करीब आते किनारे ने लोगों की रातों की नींद उड़ा दी है। गौरतलब है कि शंकरपुर में गंगा नदी का कटाव रेलवे लाइन के पास पहुंच गया है। स्थानीय ग्रामीणों के मुताबिक गंगा की धारा लगाार अपना रुख बदल रही है जिसकी वजह से जमीन भी तेजी से कट रही है। फिलहाल, स्थिति की गंभीरता को देखते हुए जिला प्रशासन ने बाढ़ प्रभावित इलाकों को खाली कराने का निर्देश दिया है। लोगों को सुरक्षित स्थानों पर चले जाने को कहा जा रहा है। राहत और बचाव कार्य की भी तैयारी की जा रही है।
शंकरपुर के ग्रामीणों के सामने प्रमुख चुनौती अपना परिवार और गृहस्थी सुरक्षित करने की है।