बिहार डेस्क
वैशाली जिले के सहदेई प्रखंड अंतर्गत गनियारी घाट पर सोमवार सुबह एक बड़ा हादसा हो गया। मॉर्निंग वॉक पर निकली एक महिला अचानक गंगा नदी की तेज धारा में बह गई। उसे बचाने के लिए नदी में कूदे आधा दर्जन लोग भी लहरों में फंस गए। मौके पर पहुंची एसडीआरएफ की टीम ने सभी को काफी मशक्कत के बाद सुरक्षित बाहर निकाल लिया। हालांकि महिला का अब तक कोई सुराग नहीं मिला है।

घटना के बारे में मिली जानकारी के अनुसार, देशरी प्रखंड के भिखनपुरा गांव की रहने वाली शिला देवी, जो अरुण महतो की पत्नी थीं, रोजाना की तरह सुबह टहलने निकली थीं। टहलते हुए वह गनियारी घाट तक पहुँच गईं, जहाँ बीते कुछ दिनों से गंगा किनारे तेजी से कटाव हो रहा है। प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि शिला देवी कटाव का नजारा देख रही थीं, तभी अचानक जमीन धंस गई और वे गंगा की तेज धारा में गिर पड़ीं।
महिला को डूबता देख आसपास मौजूद कई लोग उन्हें बचाने के लिए पानी में कूद पड़े, लेकिन गंगा की धार इतनी तेज थी कि वे खुद भी फंस गए। स्थिति बिगड़ते देख स्थानीय लोगों ने तुरंत प्रशासन को सूचना दी। सूचना मिलते ही एसडीआरएफ की टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए सभी छह लोगों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया।

फिलहाल महिला की तलाश जारी है, लेकिन नदी का तेज बहाव सर्च ऑपरेशन में बाधा बन रहा है। आशंका जताई जा रही है कि महिला काफी दूर तक बह चुकी हैं। इस हादसे के बाद घटनास्थल पर बड़ी संख्या में ग्रामीण जमा हो गए हैं और पूरे इलाके में शोक का माहौल है। इस घटना ने गंगा किनारे हो रहे कटाव और प्रशासन की तैयारी पर सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि संवेदनशील इलाकों में एहतियाती उपाय किए गए होते, तो इस तरह की घटना रोकी जा सकती थी। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे गंगा किनारे जाने से बचें और सतर्क रहें।
