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ड्रोन से मणिपुर के बिष्णुपुर जिला अस्पताल से करंग द्वीप तक पहुंचाया गया वैक्सीन, ICMR की पहल

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द फॉलोअप टीम, इंफाल: 

अब दुर्गम इलाकों में ड्रोन से वैक्सीन की सप्लाई की जा सकेगी। भारत में इसकी शुरुआत की गई है। इसका पहला ट्रायल उत्तर-पूर्वी राज्य मणिपुर में किया गया है। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री मनसुख मंडाविया ने नॉर्थ-ईस्ट में आईसीएमआर (ICMR) के ड्रोन रिस्पॉंस एंड आउटरीच की शुरुआत की। इसके तहत ड्रोन के जरिए स्वास्थ्य केंद्रों तक वैक्सीन की सप्लाई की योजना है।

बिष्णुपुर जिला से करंग द्वीप तक पहुंचाया वैक्सीन
गौरतलब है कि आईसीएमआर ने सोमवार को ड्रोन के जरिए मणिपुर में बिष्णुपुर जिला अस्पताल से लोकतक झील स्थित करंग द्वीप तक वैक्सीन की सप्लाई की। इसकी खासियत बताते हुए केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री मनसुख मंडाविया ने कहा कि ड्रोन ने बिष्णुपुर जिला अस्पताल से करंग स्वास्थ्य केंद्र तक वैक्सीन पहुंचाने के लिए की गई 31 किमी की दूरी 15 मिनट में पूरी की। 

देश की 70 फीसदी आबादी को लगाया जा चुका है वैक्सीन
बता दें कि सोमवार को स्वास्थ्य मंत्री मनसुख मंडाविया ने कहा था कि भारत की 70 फीसदी व्यस्क आबादी को कोविड वैक्सीन की पहली खुराक दी जा चुकी है। उन्होंने बताया कि देश में अभी तक 91 करोड़ से ज्यादा नागरिकों का वैक्सीनेशन किया जा चुका है। देश की तकरीबन 25 फीसदी आबादी को कोरोना वैक्सीन का दोनों डोज लगाया जा चुका है। 

इंडियन मेडिकल रिसर्च काउंसिल की सराहनीय पहल
ड्रोन के जरिए वैक्सीन पहुंचाने की इंडियन मेडिकल रिसर्च काउंसिल की कोशिश काफी सराहनीय है। गौरतलब है कि इसकी सहायता से दुर्गम इलाकों तक आसानी से वैक्सीन की सप्लाई की जा सकेगी। ज्यादा से ज्यादा लोगों तक वैक्सीनेशन का लाभ कम समय में पहुंचाया जा सकेगा। भारत के वैक्सीनेशन प्रोग्राम को इससे काफी फायदा होगा।