द फॉलोअप टीम, निरसा(धनबाद) :
चिरकुंडा पुलिस ने गलफरबाड़ी पुलिस के सहयोग से मारपीट के एक मामले में दो माह से फरार भाजपा नेत्री रानी सिंह को बुधवार को गल्फरबाड़ी ओपी से गिरफ्तार कर लिया। बता दें कि चिरकुंडा आदर्श नगर की लक्ष्मी देवी ने भाजपा नेत्री रानी सिंह, पूजा देवी, गीता देवी व पूनम खटिक पर 18 मार्च को घर में घुसकर जान मारने की नीयत से मारपीट करने व सोने का जेवरात छीनने का आरोप लगाया था। लक्ष्मी देवी की लिखित शिकायत पर चिरकुंडा थाना में एफआईआर दर्ज हुई थी।
बताया जाता है कि लक्ष्मी देवी एवं कुमारधुबी नीचूधौड़ा की रहने वाली पूजा देवी के बीच पुराना विवाद था। उसी विवाद में भाजपा नेत्री रानी सिंह अन्य के साथ लक्ष्मी देवी के घर आई थी और विवाद हुआ था।
यौन शोषण मामले में पैरवी करने थाना पहुंची और गिरफ्तार
भाजपा नेत्री रानी सिंह एक युवती से यौन शोषण मामले की पैरवी में बुधवार शाम गलफरबाड़ी ओपी पहुंची थी। जिसकी जांच स्वयं ओपी प्रभारी संजय उरांव ने की। जांच में मामूली कहासुनी की बात सामने आयी और यौन शोषण की बात झूठी निकली। ओपी प्रभारी को गुस्सा लगना लाजमी था। उन्होंने रानी सिंह को झूठे मामले की पैरवी करने को लेकर फटकार लगायी। इस बीच जानकारी मिली कि चिरकुंडा थाना क्षेत्र में मारपीट मामले में वह फरार चल रही है। फिर क्या पुलिस के चौखट पर आयी और महीनों भर से चिरकुंडा पुलिस के हाथों से फरार रानी सिंह को गिरफ्तार कर लिया गया।
चिरकुंडा पुलिस की ढिलई से नहीं हो पा रही थी गिरफ्तार
हालांकि चिरकुंडा पुलिस इसकी गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी कर रही थी। रानी सिंह भी क्षेत्र में ही घूम रही थी। लेकिन पुलिस अबतक नहीं पहुच पायी थी। शायद पुलिस की कार्यवाही सुस्त थी। मामले के संबध में चिरकुंडा थाना प्रभारी दिलीप यादव ने जानकारी देने से इनकार कर दिया।
मामले की जानकारी जब केस के आईओ से लेनी चाही तो उन्होंने प्रभारी से बात करने को कह कर अपना पल्ला झाड़ दिया।