द फॉलोअप डेस्क:
पश्चिम बंगाल के आसनसोल संसदीय सीट से टीएमसी के सांसद शत्रुघ्न सिन्हा ने साफ कर दिया है कि वह मुश्किल वक्त में ममता बनर्जी का साथ नहीं छोड़ेंगे। शत्रुघ्न सिन्हा ने कहा कि मैं आसनसोल सीट पर 2 बार जोड़ा फूल चुनाव चिन्ह पर जीतकर सांसद बना हूं। 2019 में जब पटना का चुनाव हारने के बाद मैं मुश्किल दौर से गुजर रहा था, तब वह ममता बनर्जी ही थीं, जो साथ में खड़ी थीं। शत्रुघ्न सिन्हा ने टीएमसी सांसदों के बागी गुट में शामिल होने की खबरों को बेबुनियाद बताते हुए कहा कि ममता बनर्जी के साथ खड़ा होना उनका फर्ज है।
दरअसल, सोशल मीडिया पर एक कथित सूची वायरल थी जिसमें टीएमसी के बागी विधायकों की सूची में शत्रुघ्न सिन्हा का भी नाम लिखा था। हालांकि, पार्टी के राज्यसभा सांसद कीर्ति आजाद ने कहा था कि उन्होंने शत्रुघ्न सिन्हा से बात की है। ममता बनर्जी की भी शत्रुघ्न सिन्हा से बातचीत हुई है, और वह टीएमसी में हैं।
VIDEO | Delhi: On the split in the TMC, party MP Shatrughan Sinha said, “First of all, I would like to express my gratitude to the people of Asansol and West Bengal for giving me immense love, respect and support, and for ensuring my victory time and again. I first came to… pic.twitter.com/3322zUmBLB
— Press Trust of India (@PTI_News) June 11, 2026
आसनसोल में दलगत राजनीति से ऊपर काम किया
फिल्मों से राजनीति में आए शत्रुघ्न सिन्हा ने कहा कि मैं ममता बनर्जी के बुलावे पर आसनसोल गया था। वहां पहले ही चुनाव में रिकॉर्ड अंतर से जीत हासिल की। उन्होंने कहा कि मैंने आसनसोल में दलगत राजनीति से ऊपर उठकर काम किया है और अपनी जिम्मेदारियों को बखूबी समझता हूं।

टीएमसी छोड़ने की अटकलों पर मिला जवाब
शत्रुघ्न सिन्हा ने कहा कि पिछले कुछ दिनों से मेरे बारे में अटकलें लगाई जा रही है। कुछ लोग सच बोल रहे हैं तो कुछ अफवाहें फैला रहे हैं। दावा किया जा रहा है कि मैं तथाकथित बागी गुट में शामिल हो गया हूं। हां, स्वाभाव से मैं हमेशा बेबाक रहा हूं और अक्सर लोगों से कहता हूं कि अगर सच बोलना बगावत है तो मैं बागी हूं। मैं हमेशा साफ-साफ बात करता हूं और सच कहा है। उन्होंने कहा कि जिस तरह से मुश्किल वक्त में ममता बनर्जी मेरे साथ खड़ी थीं, और आज उनके मुश्किल दौर में मैं उनके साथ खड़ा हूं।

टीएमसी के 28 में से 19 सांसदों ने की बगावत
गौरतलब है कि लोकसभा में टीएमसी के 28 में से 19 सांसद बागी हो गए हैं। इनमें आश्चर्यजनक रूप से सायोनी घोष का नाम भी है। नाम उसमें शत्रुघ्न सिन्हा का भी है, लेकिन उन्होंने अटकलों का खंडन किया, लेकिन सायोनी घोष की चुप्पी ने सस्पेंस बढ़ा दिया है। बागी सांसदों ने एनडीए को समर्थन देने का फैसला किया है। वहीं प्रदेश में 80 में से 60 विधायकों ने बगावत कर दी है। 2 राज्यसभा सांसदों ने भी इस्तीफा दिया है।