द फॉलोअप डेस्क:
भाजपा सांसद निशिकांत दुबे ने कहा कि फास्ट ट्रैक कोर्ट बनेगा। पार्लियामेंट में विपक्ष चर्चा होने दे तो जैसे निर्भया केस में महिलाओं की सुरक्षा के लिए मजबूत कानून बना था। रेप के मामलों में कमी आई थी। लोगों को डर लगता है तो वैसा ही पेपर लीक के मामले में भी कड़ी सजा का प्रावधान किया जा सकता है। सांसद ने कहा कि पेपर लीक के दोषियों के लिए आजीवन कारावास की सजा का प्रावधान किया जा सकता है। फांसी की सजा का प्रावधान किया जा सकता है। लेकिन यह कानून तो संसद भवन में बनेगा ना, राहुल गांधी तो नहीं बनाएंगे। राहुल गांधी तो केवल अपनी राजनीति चमका रहे हैं। राहुल गांधी विद्यार्थियिों के लिए चिंतित ही नहीं है।
#WATCH | Delhi: On NEET paper leak, BJP MP Nishikant Dubey says, "If the Opposition will allow a discussion in the House, just as the strong law that came for women after the Nirbhaya murder case, similarly, we can provide for a strong punishment provision in the case of paper… pic.twitter.com/OqPq7hg2Eb
— ANI (@ANI) July 23, 2026
मेडिकल सीटों जितने ही विद्यार्थी सफल घोषित होंगे
निशिकांत दुबे ने कहा कि 23 लाख लोगों ने नीट की परीक्षा दी। 60 हजार विद्यार्थियों को सफल घोषित किया गया है, क्योंकि मेडिकल कॉलेजो में इतनी ही सीटें हैं। निशिकांत दुबे ने तंजात्मक लहजे में कहा कि राहुल गांधी और अखिलेश यादव जंतर-मंतर पर आने वाले प्रत्येक विद्यार्थी का नाम नोट करते हैं और इनमें से कोई प्रधानमंत्री बनेंगे तो उन्हें मेडिकल कॉलेजों में एडमिशन दिलाएंगे। आंदोलनकारियों को यह बात सड़क पर ही करनी चाहिए। सांसद निशिकांत दुबे ने कहा कि यह निकृष्टतम किस्म की राजनीति है।

कांग्रेस पार्टी को विद्यार्थियों की कभी चिंता नहीं थी!
निशिकांत दुबे ने कहा कि कांग्रेस को कभी विद्यार्थियों की चिंता नहीं रही है। वे लोग केवल अपना सियासी उल्लू सीधा करते हैं। उन्होंने कहा कि 1960 में जवाहरलाल नेहरू ने इमरजेंसी लगाकर विद्यार्थियों का जीवन बर्बाद किया और 1975 में आपातकाल लगाकर तात्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी ने छात्रों का भविष्य बर्बाद किया।