द फॉलोअप डेस्क:
एआईएमआईएम के प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने कहा कि बंगाल के बाहर ममता बनर्जी की जो छवि थी कि वह लिबरल और सेक्युलर हैं, वह पूरी तरह झूठ था। ओवैसी ने कहा कि ममता बनर्जी ने मुस्लिम आबादी को केवल वोट बैंक की तरह इस्तेमाल किया और उनको कभी नागरिक नहीं समझा। असदुद्दीन ओवैसी ने कहा कि बंगाल चुनाव में भाजपा की जीत के लिए केवल एसआईआर को जिम्मेदार ठहराना सही नहीं होगा, ममता बनर्जी की नीतियां भी इसके लिए जिम्मेदार हैं।
ओवैसी ने कहा कि यदि ममता बनर्जी ने बंगाल के मुसलमानों को नागरिकों की तरह समझकर विकास पर ध्यान दिया होता तो नतीजा कुछ और हो सकता था।
#WATCH | Hyderabad | AIMIM President Asaduddin Owaisi says, "This image of Mamata Banerjee outside of West Bengal that she is liberal and secular is wrong. She has exploited the Muslims as a vote bank, not treated them as citizens. Huge corruption happened under her… pic.twitter.com/mukEYgvckO
— ANI (@ANI) May 5, 2026
ममता सरकार में चरम पर था भ्रष्टाचार!
असदुद्दीन ओवैसी ने कहा कि बंगाल छठी बड़ी अर्थव्यवस्था है, लेकिन प्रति व्यक्ति आय के मामले में यह प्रदेश देशभर में 25वें स्थान पर है। मालदा और मुर्शिदाबाद से लाखों लोगों का रोजगार की तलाश में पलायन हुआ है। ममता सरकार के प्रशासन में भ्रष्टाचार चरम पर था। बंगाल के बाहर लोग समझते रहे कि ममता बनर्जी सेक्युलर और लिबरल हैं। वह मुसलमानों की हितैषी हैं, लेकिन यह सब झूठ था। ममता बनर्जी ने मुसलमानों को नागरिक समझने की जगह केवल वोट बैंक की तरह इस्तेमाल किया।

बंगाल चुनाव में बीजेपी की ऐतिहासिक जीत
गौरतलब है कि पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में भारतीय जनता पार्टी ने 206 सीटों पर जीत हासिल करके प्रचंड जनादेश हासिल किया है। तृणमूल कांग्रेस महज 81 सीटों पर सिमट गई है। वामदल को 2 सीटों से संतोष करना पड़ा है, जबकि कांग्रेस पार्टी को भी केवल 2 सीटों पर ही जीत मिली।