रांची
आजसू पार्टी के केंद्रीय उपाध्यक्ष और झारखंड आंदोलनकारी प्रवीण प्रभाकर ने एससी, एसटी और ओबीसी छात्रों की बकाया पोस्ट मैट्रिक छात्रवृत्ति को लेकर राज्य सरकार पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि यह गंभीर मुद्दा पिछले तीन वर्षों से लंबित है, लेकिन सरकार इस दौरान पूरी तरह उदासीन बनी रही।
प्रवीण प्रभाकर ने कहा कि जब आजसू छात्र संघ ने लोकभवन के समक्ष उग्र प्रदर्शन किया और जिलावार आक्रोश मार्च की शुरुआत की, तब जाकर कल्याण मंत्री चमरा लिंडा की नींद खुली है और अब वे दिल्ली जाकर समाधान की बात कर रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि राज्य सरकार केंद्र सरकार की गाइडलाइन का पालन नहीं कर रही है, जिसका सीधा नुकसान छात्रों को उठाना पड़ रहा है।

इससे पहले आजसू के हरमू स्थित केंद्रीय कार्यालय में आयोजित मिलन समारोह के दौरान प्रवीण प्रभाकर और केंद्रीय उपाध्यक्ष हसन अंसारी ने विभिन्न वार्डों से आए दर्जनों युवाओं को आजसू की सदस्यता दिलाई। इस मौके पर हसन अंसारी ने कहा कि राज्य सरकार को छात्रों और युवाओं के भविष्य की कोई चिंता नहीं है और उनके साथ लगातार अन्याय हो रहा है। उन्होंने स्पष्ट किया कि आजसू इस मुद्दे पर चुप बैठने वाली नहीं है।
हसन अंसारी ने युवाओं से आजसू के इतिहास को समझने और अपने अधिकारों के लिए संगठित होकर संघर्ष करने की अपील की। समारोह को युवा महानगर अध्यक्ष अमित यादव, डॉ पार्थ तिवारी, डॉ अमित साहू, शहजाद अनवर, मो. शाहिद, किशोर मंडल सहित कई वक्ताओं ने संबोधित किया।
आजसू की सदस्यता लेने वालों में शामिल रहे: सनी चंद्रवंशी, विवेक श्रीवास्तव, मोहित ठाकुर, मोहित सिंह, गणेश यादव, विवेक पासवान, किशन चौहान, अनूप, आकाश रवि, मो. सद्दाम, पवन रोशन, प्रभु यादव, आयुष गिरी, राकेश सिंह, आशीष गुप्ता समेत अन्य।
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