द फॉलोअप डेस्क
मुफ्फसिल थाना क्षेत्र में सक्रिय चोरी के गिरोह का पर्दाफाश करते हुए पुलिस ने बड़कागांव के रहने वाले मो. जावेद को गिरफ्तार किया है। वह चोरी के सामान बेचने का काम करता था। पुलिस ने उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। वहीं गिरोह का सरगना और शातिर चोर मो. शानू अब तक फरार है। पुलिस उसकी तलाश में लगातार छापेमारी कर रही है।
इस बाबत जानकारी देते हुए थाना प्रभारी रौशन वर्णवाल ने बताया कि पुलिस को आशंका है कि यह कोई छोटा-मोटा गिरोह नहीं, बल्कि लंबे समय से सक्रिय एक संगठित गिरोह है। इस गिरोह के सदस्य अब तक कई घटनाओं को अंजाम दे चुके हैं, जिनमें घर के बाहर रखे सामान की चोरी, ट्रैक्टर से बैटरी, ऑटो रिक्शा के टायर सहित अन्य सामग्री की चोरी शामिल है। संदेह के आधार पर जांच की जा रही है। वहीं, भेलवारा और आसपास के ग्रामीणों ने कहा कि हाल के दिनों में क्षेत्र में चोरी की घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं। उन्होंने पुलिस प्रशासन से रात्रि गश्ती तेज करने और संदिग्ध युवकों पर विशेष निगरानी रखने की मांग की है।
यह मामला उस समय सामने आया जब 02 सितंबर को मुफ्फसिल थाना क्षेत्र के मोरांगी गांव निवासी बासुदेव कुमार ने जनरेटर चोरी की लिखित शिकायत दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया था कि रात दो बजे के करीब घर के बाहर रखा जनरेटर चोरी हो गया। सुबह उठने पर जब उन्होंने खोजबीन की तो जनरेटर गायब था। बाद में सीसीटीवी फुटेज में दो युवक मोटरसाइकिल से जनरेटर ले जाते दिखे। बासुदेव कुमार ने संदेह जताया था कि चोरी की इस घटना में जफर अंसारी (ग्राम तुराऊ), सोनू अंसारी (ग्राम चपवा), सहबान (ग्राम भेलवारा), शहबान अंसारी (ग्राम चपवा) और जावेद अंसारी (ग्राम छवनिया, बड़कागांव) शामिल हो सकते हैं। पुलिस जांच में खुलासा हुआ कि चोरी का जनरेटर 20 हजार रुपए में बेचा गया था। इस रकम का बंटवारा फोन पे के माध्यम से किया गया। पुलिस ने उस मोबाइल फोन को भी साक्ष्य के रूप में जब्त कर लिया है। पूछताछ में मो. जावेद ने कई अन्य महत्वपूर्ण चोरी की घटनाओं की जानकारी दी है।
