द फॉलोअप डेस्क
सरिया प्रखंड के सम्बलपुर स्थित नीमतांड गांव को मुख्यालय से जोड़ने वाली सड़क की हालत बद से बदतर हो चुकी है। लगातार हो रही भारी बारिश के कारण सड़क का एक बड़ा हिस्सा बह गया है, जिससे ग्रामीणों के आवागमन पर संकट गहराने लगा है। यह सड़क गांव को मुख्य शहर से जोड़ने वाला एकमात्र मार्ग है, जिसके टूटने से हजारों लोग प्रभावित होंगे। रोजमर्रा की जरूरत का सामान खरीदने के लिए भी ग्रामीण इसी सड़क पर निर्भर हैं।
बारिश के कारण सड़क पर बड़े-बड़े गड्ढे और दरारें बन गई हैं, जो कभी भी पूरी तरह धंस सकती हैं। हालात बिगड़ने पर ग्रामीणों ने प्रशासन से मदद की उम्मीद छोड़, खुद श्रमदान कर हर साल सड़क को अस्थायी रूप से दुरुस्त करने का काम करते है।
ग्रामीणों का आरोप है कि चुनाव के समय नेता, सांसद और विधायक बड़े-बड़े वादे करते हैं, लेकिन जीतने के बाद पांच साल तक कोई भी इस गांव की सुध लेने नहीं आता। “हमारी परेशानियां किसी को नहीं दिखतीं। सड़क मरम्मत के नाम पर सिर्फ कागजों में काम होता है, जमीनी हकीकत में हालात कुछ और है। स्थानीय लोगों ने जिला प्रशासन और जनप्रतिनिधियों से तत्काल पहल करने की मांग की है, ताकि नीमतांड गांव को मुख्यालय से जोड़ने वाली इस अहम सड़क का स्थायी समाधान हो सके और आने-जाने में हो रही दिक्कतें खत्म हों
