रांची
झारखंड के किडनी मरीजों के लिए बड़ी राहत की खबर है। राज्य में पहली बार सरकारी और निजी दोनों स्तर पर किडनी ट्रांसप्लांट की सुविधा शुरू होने जा रही है। स्वास्थ्य विभाग की परामर्शदात्री समिति ने 9 जनवरी को हुई बैठक में रांची स्थित राजेंद्र इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज (RIMS) और राज अस्पताल को किडनी ट्रांसप्लांट की मंजूरी दे दी है।
अपर मुख्य सचिव (स्वास्थ्य) अजय कुमार सिंह की अध्यक्षता में हुई बैठक में दोनों अस्पतालों को मानव अंग प्रत्यारोपण अधिनियम के तहत योग्य पाया गया। जल्द ही लाइसेंस जारी किया जाएगा, जिसके बाद झारखंड के मरीजों को इलाज के लिए दिल्ली, मुंबई या चेन्नई जैसे शहरों में नहीं जाना पड़ेगा। यह फैसला मुख्यमंत्री गंभीर बीमारी उपचार योजना और आयुष्मान भारत मुख्यमंत्री अबुआ स्वास्थ्य सुरक्षा योजना से जुड़े मरीजों के लिए अहम माना जा रहा है। अब तक किडनी ट्रांसप्लांट के मरीजों को बाहर रेफर किया जाता था, जिससे इलाज के साथ रहने और यात्रा का अतिरिक्त खर्च बढ़ जाता था।

रिम्स, रांची में किडनी ट्रांसप्लांट की सुविधा मिलने से गरीब और मध्यम वर्ग के मरीजों को सरकारी दर पर कैशलेस इलाज का लाभ मिलेगा। वहीं निजी क्षेत्र में राज अस्पताल को मंजूरी मिलने से अत्याधुनिक तकनीक, कम वेटिंग पीरियड और बेहतर पोस्ट-ऑपरेटिव केयर का विकल्प भी उपलब्ध होगा।
स्वास्थ्य विभाग का मानना है कि इस फैसले से झारखंड के स्वास्थ्य इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूती मिलेगी और किडनी रोगियों के लिए इलाज अधिक सुलभ, सुरक्षित और किफायती हो सकेगा।
