नाला/जामताड़ा:
जामताड़ा नाला प्रखंड में सरकारी योजनाओं में गड़बड़ी का एक और मामला सामने आया है। प्रधानमंत्री आवास योजना की राशि लाभुक के खाते में जाने के बजाय किसी अन्य व्यक्ति के खाते में ट्रांसफर होने से पीड़ित परिवार दर-दर भटकने को मजबूर है। मामला नाला प्रखंड के कास्ता पंचायत अंतर्गत परिहारपुर गांव का है, जहां कालू मंडल को वित्तीय वर्ष 2024-25 में प्रधानमंत्री आवास योजना का लाभ स्वीकृत हुआ था। योजना की पहली किस्त के रूप में मिलने वाली 40 हजार रुपये की राशि गांव के ही दयाल मंडल के खाते में चली गई।

पीड़ित परिवार को ऐसे हुई गड़बड़ी की खबर
पीड़ित परिवार ने बताया कि उन्हें इस गड़बड़ी की जानकारी करीब 1 वर्ष बाद तब हुई, जब प्रखंड कार्यालय से एक नोटिस मिला। नोटिस में कहा गया था कि प्रधानमंत्री आवास योजना की राशि भुगतान किया जा चुका है, लेकिन आवास निर्माण कार्य पूरा नहीं हुआ है। साथ ही राशि का उपयोग नहीं करने पर कार्रवाई की चेतावनी भी दी गई थी। इसके बाद परिवार को पता चला कि योजना की राशि उनके खाते में आई ही नहीं है।

पीड़िता कल्याणी मंडल ने क्या जानकारी दी!
पीड़िता कल्याणी मंडल ने बताया कि मामले की जानकारी मुखिया, प्रखंड कार्यालय और संबंधित अधिकारियों को दी गई, लेकिन अब तक कोई ठोस सुनवाई नहीं हुई। उन्होंने कहा कि अब उन पर लगातार घर बनाने का दबाव बनाया जा रहा है, जबकि उन्हें योजना की राशि मिली ही नहीं। उन्होंने कहा, “जब पैसा हम निकाल ही नहीं पाए हैं तो घर कैसे बनाएंगे।” फिलहाल परिवार न्याय और राशि वापस दिलाने की मांग को लेकर लगातार कार्यालयों के चक्कर लगा रहा है।

आर्थिक तंगी से जूझ रहा है पूरा परिवार
कल्याणी मंडल ने बताया कि परिवार पहले से आर्थिक तंगी से जूझ रहा है। उनके दो बेटे हैं, जिनकी उम्र 13 वर्ष और 9 वर्ष है तथा दोनों दिव्यांग हैं। ऐसे में आवास योजना की राशि में गड़बड़ी ने उनकी परेशानी और बढ़ा दी है। स्थानीय लोगों का कहना है कि सरकारी योजनाओं में लगातार सामने आ रही अनियमितताएं प्रशासनिक व्यवस्था पर सवाल खड़े कर रही हैं। लोगों ने मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग की है।