द फॉलोअप डेस्क
पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के तहत प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष केशव महतो कमलेश की उपस्थिति में आयोजित जनता दरबार में राज्य के वित्त मंत्री राधाकृष्ण किशोर ने आम जनों की समस्याएं सुनीं और उनके समाधान हेतु संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
जनता दरबार के दौरान प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष केशव महतो कमलेश ने कहा कि इस परिपाटी के आरंभ से जनता के बीच सकारात्मक संदेश जा रहा है। लोग सरकार के पक्ष में स्पष्ट राय रख रहे हैं और यह समझ रहे हैं कि सरकार उनकी समस्याओं के समाधान के लिए गंभीर है और धरातल पर कार्य कर रही है।
जनता दरबार के बाद पत्रकारों से बातचीत करते हुए वित्त मंत्री राधाकृष्ण किशोर ने कहा कि कई योजनाओं का पैसा केंद्र सरकार ने रोक रखा है और नकारात्मक सहयोग के चलते अपना अंशदान नहीं दे रही है, जिसके कारण वृद्धा पेंशन जैसी कई योजनाओं का लाभ लोगों को नहीं मिल पा रहा है। उन्होंने कहा कि भाजपा दुष्प्रचार कर रही है कि झारखंड सरकार पैसा नहीं दे रही है।
मंत्री ने अधिकारियों को चेताते हुए कहा कि सरकार कार्यों में कोताही बर्दाश्त नहीं करेगी। जनता का काम समय पर करना होगा। यदि कार्य संभव है तो उसे किया जाए, नहीं तो जनता को स्पष्ट जानकारी दी जाए। बेवजह जनता को कार्यालयों के चक्कर लगवाना बंद किया जाए। उन्होंने कहा कि सरकार त्वरित परिणाम में विश्वास करती है और पूर्ववर्ती सरकार की कार्यशैली में बदलाव लाना अनिवार्य है।
प्रदेश कांग्रेस प्रवक्ता सोनाल शांति ने जानकारी दी कि जनता दरबार में कुल 49 मामले सामने आए, जिनमें बिजली, सड़क निर्माण, जमीन संबंधी, तालाब जीर्णोद्धार-निर्माण, अबुआ आवास सहित अन्य विषयों की शिकायतें शामिल थीं। समस्याओं को सुनने के क्रम में मंत्री ने संबंधित अधिकारियों से सीधे बात कर त्वरित एवं समयबद्ध समाधान का निर्देश दिया।
जनता दरबार में भू-अर्जन से जुड़े एक मामले में शिकायतकर्ता ने बताया कि एनएचएआई द्वारा अधिग्रहित की गई जमीन के मुआवजे की राशि दूसरी पत्नी को दे दी गई, जबकि उसे कानूनी मान्यता प्राप्त नहीं थी। इस पर मंत्री ने रांची जिला भू-अर्जन पदाधिकारी से फोन पर जानकारी मांगी। भू-अर्जन पदाधिकारी ने इसे अपने अधिकार क्षेत्र से बाहर का मामला बताया, जबकि मंत्री ने स्पष्ट किया कि सीओ से जानकारी ली जा सकती थी। शिकायतकर्ता ने पूर्व में आवेदन देने का प्रमाण भी प्रस्तुत किया। इस पर मंत्री ने भू-राजस्व सचिव को मामले की जानकारी दी और सचिव ने तत्काल संज्ञान लेकर कार्रवाई का आश्वासन दिया। जनता दरबार में विनय सिन्हा दीपू, शशि भूषण राय, अभिलाष साहू, राजन वर्मा, नरेंद्र लाल गोपी और राजीव चौधरी उपस्थित थे।
